
अल्फिया शेख, मुंबई
सरकारी योजनाएं ऐलान तो की जाती हैं, लेकिन क्या वे सच में ज़रूरतमंदों तक पहुंचती हैं? यह सवाल सालों से बना हुआ है। खासतौर पर सूबे के मुस्लिम पसमांदा समाज और दूसरी छोटी जातियों के मामले में कई नेताओं ने सरकार के सामने यही दुख ज़ाहिर किया था। इन पिछड़े तबकों का विकास सिर्फ कागज़ों पर न रहकर उनकी असल ज़िंदगी में भी हो, इसके लिए महाराष्ट्र सरकार के ...Read more
प्रमोद जोशी
वैश्विक-राजनीति में आते बदलाव की रोशनी में पिछले हफ्ते जापानी प्रधानमंत्री की भारत-यात्रा और अब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की इंडोनेशिया, ऑस्ट्रेलिया और न्यूज़ीलैंड-यात्रा के दूरगामी अर्थ हैं. यह यात्रा 11जुलाई तक चलेगी.
पिछले साल से अमेरिकी-नीतियों में आए बदलाव के कारण एशिया के देशों ने अपनी भावी नीतियों पर पुनर्विचार शुरू कर दिया है. यह विचार केवल सामरिक-दृष्टि से ही नहीं है, बल्कि इसका काफी बड़ा हिस्सा आर्थिक-सामाजिक सहयोग से जुड़ा है.
पिछले हफ्ते जापानी प्रधानमंत......Read more