आवाज द वॉयस/नई दिल्ली
केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने बृहस्पतिवार को उन दावों को खारिज किया कि पेट्रोल में एथनॉल मिलाने से देश में चल रहे मोटर वाहनों को नुकसान पहुंच रहा है।
गडकरी ने कहा कि एथनॉल मिश्रण के जरिये कृषि को ऊर्जा और बिजली क्षेत्र की दिशा में विविधीकृत किया गया है।
उन्होंने कहा, ‘‘संबंधित विभाग का मंत्री होने के नाते मैं जानता हूं कि सभी प्रमुख वाहन कंपनियों ने अपने वाहनों को 100 प्रतिशत एथनॉल के जरिये चलाकर भी देखा है और कोई शिकायत सामने नहीं आई है।’’
गडकरी ने यहां ‘‘बिहार इन्वेस्टर समिट 2026 : द इमर्जिंग इन्वेस्टमेंट डेस्टिनेशन ऑफ इंडिया’’ का उद्घाटन करने के बाद यह बात कही।
सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय का प्रभार संभाल रहे गडकरी ने कहा, ‘‘वर्ष 2022 से चार करोड़ चार-पहिया और 20 करोड़ दोपहिया वाहन एथनॉल मिश्रित पेट्रोल के माध्यम से चल रहे हैं। मैं किसी को भी चुनौती देता हूं कि वह शिकायत करके दिखाए कि इसके कारण उसके वाहन को नुकसान हुआ है। बेशक, निहित स्वार्थ वाले लोग कोई और कहानी बता सकते हैं।’’
केंद्रीय मंत्री ने कहा कि पेट्रोल में एथनॉल मिलाने का निर्णय कृषि का ऊर्जा एवं बिजली क्षेत्रों की दिशा में विविधीकरण करने के उद्देश्य से लिया गया था।