Amid global uncertainty, FPIs withdraw Rs 5,109 crore from government securities in three days
आवाज द वॉयस/नई दिल्ली
वैश्विक अनिश्चितता के कारण धारणा कमजोर होने के बीच विदेशी पोर्टफोलियो निवेशकों (एफपीआई) ने पिछले तीन दिन में पूर्ण पहुंच मार्ग (एफएआर) के तहत सरकारी प्रतिभूतियों (जी-सेक) से लगभग 5,109.21 करोड़ रुपये निकाले हैं।
एफएआर के तहत पात्र विदेशी निवेशकों को बिना किसी सीमा के कुछ खास सरकारी प्रतिभूतियों को खरीदने और बेचने की अनुमति होती है।
भारतीय समाशोधन निगम लिमिटेड (सीसीआईएल) के अनुसार, एफएआर के तहत सरकारी प्रतिभूतियों में एफपीआई निवेश 15 सितंबर को 3,66,806.286 करोड़ रुपये रहा, जबकि नौ सितंबर को यह 3,71,915.496 करोड़ रुपये था।
आंकड़ों से पता चलता है कि यह निवेश 10 सितंबर को 3,71,520.751 करोड़ रुपये और 11 सितंबर को 3,66,791.286 करोड़ रुपये था।
चॉइस वेल्थ के वाइस चेयरमैन माताप्रसाद पांडेय ने कहा, ‘‘हमने एफएआर मार्ग के तहत जी-सेक में एफपीआई द्वारा उल्लेखनीय बिकवाली देखी। अमेरिका-ईरान युद्ध की बिगड़ती स्थिति के बीच कच्चे तेल की ऊंची कीमतें (जो 110 डॉलर के आसपास बनी हुई हैं), अमेरिकी ट्रेजरी प्रतिफल का पांच प्रतिशत के करीब पहुंचना और रुपये पर लगातार दबाव ने भारतीय सरकारी बॉण्ड को विदेशी पोर्टफोलियो निवेशकों के लिए अपेक्षाकृत कम आकर्षक बना दिया है।''