मीना झा/रॉकहैम्पटन (ऑस्ट्रेलिया)
हम अक्सर अपने हाथ धोते हैं, शॉपिंग ट्रॉलियों को सैनिटाइज करते हैं, और कैफे की मेजें साफ करते हैं। लेकिन क्या आपने कभी सोचा है कि दिनभर सबसे ज़्यादा छुई जाने वाली चीज़ – आपका मोबाइल फोन – कितनी बार साफ होती है?
विशेषज्ञों के अनुसार, मोबाइल फोन हमारी दिनचर्या का अहम हिस्सा बन चुका है। हम इसे रसोई, बाथरूम, डाइनिंग टेबल और अन्य जगहों पर साथ रखते हैं, जिससे इस पर सैकड़ों प्रकार के बैक्टीरिया और वायरस जमा हो सकते हैं। ये सभी हानिकारक नहीं होते, लेकिन संक्रमण का खतरा बना रहता है।
गलत तरीके से सफाई करना फोन को नुकसान पहुँचा सकता है। एप्पल और सैमसंग जैसी कंपनियाँ ब्लीच, सिरका, हाइड्रोजन परॉक्साइड, या अत्यधिक अल्कोहल वाले क्लीनर के प्रयोग से बचने की सलाह देती हैं क्योंकि ये स्क्रीन की ओलेयोफोबिक कोटिंग को नष्ट कर सकते हैं।
सही सफाई के लिए सुझाव
सफाई से पहले फोन को केस और चार्जर से अलग करें।
70% आइसोप्रोपिल अल्कोहल वाले वाइप्स या माइक्रोफाइबर कपड़ा इस्तेमाल करें।
चार्जिंग पोर्ट और स्पीकर के लिए एंटी-स्टैटिक ब्रश (जैसे नायलॉन या हॉर्सहेयर) उपयोग करें।
तरल पदार्थ सीधे फोन पर न छिड़कें और टिशू या खुरदरे कपड़े से बचें।
विशेषज्ञ मानते हैं कि सामान्य स्थिति में हफ्ते में एक बार फोन साफ करना पर्याप्त है, लेकिन अगर आप अस्पताल, मेट्रो या जिम जैसे जोखिमभरे स्थानों पर जाते हैं तो इसे अधिक बार साफ करना चाहिए।याद रखें, फोन को साफ रखना स्वच्छता का अहम हिस्सा है—यह सरल है, सस्ता है और आपके स्वास्थ्य के लिए जरूरी भी।