The fight is not just of Mamata Banerjee, it is of every party that wants fair elections: Rahul Gandhi
आवाज द वॉयस/नई दिल्ली
कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने शुक्रवार को कहा कि तृणमूल कांग्रेस के नाम और चुनाव चिह्न के इस्तेमाल पर रोक लगाए जाने का मुद्दा सिर्फ पश्चिम बंगाल की पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी की लड़ाई नहीं है, बल्कि यह हर उस राजनीतिक दल और मतदाता की है जो स्वतंत्र एवं निष्पक्ष चुनाव चाहता है।
उन्होंने यह दावा भी किया, ‘‘वोट चोरी। सरकार चोरी। अब पार्टी चोरी, ये हमारे लोकतांत्रिक पतन के प्रतीक बन गए हैं।’’
लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष ने ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा, ‘‘यह लड़ाई सिर्फ़ ममता बनर्जी जी की नहीं है। यह हर राजनीतिक दल, हर मतदाता की लड़ाई है जो स्वतंत्र और निष्पक्ष चुनाव चाहता है।’’
उन्होंने आरोप लगाया कि भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) और निर्वाचन आयोग मिलकर राजनीतिक दलों को तोड़ने तथा उनके चुनाव चिह्न छीनने का काम कर रहे हैं।
कांग्रेस नेता ने कहा, ‘‘पहले शिवसेना, फिर राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी और अब तृणमूल कांग्रेस। हर बार एक ही पैटर्न - भाजपा और निर्वाचन आयोग मिलकर एक पार्टी को तोड़ते हैं। फिर उसका चुनाव चिह्न छीन लिया जाता है।’’
उन्होंने कहा, ‘‘जब पूरी की पूरी पार्टी चोरी हो सकती है, तो करोड़ों भारतीयों के वोट चोरी होना भी हैरानी की बात नहीं।’’
उन्होंने निर्वाचन आयोग की भूमिका पर सवाल उठाते हुए कहा, ‘‘आयोग की संवैधानिक ज़िम्मेदारी जनादेश की रक्षा करना है, मगर उल्टा वो उन ताकतों की मदद कर रहा है, जो जनता के फैसले को ही पलट देते हैं।’’
निर्वाचन आयोग ने तृणमूल कांग्रेस के दोनों गुटों को पश्चिम बंगाल के आगामी विधानसभा उपचुनाव के दौरान पार्टी के नाम और ‘जोड़ा फूल’ चुनाव चिह्न का इस्तेमाल न करने का बृहस्पतिवार को निर्देश दिया।
आयोग ने दोनों गुटों से शुक्रवार सुबह तक अपनी पसंद के नाम और चुनाव चिह्न सौंपने के लिए भी कहा है।