वाराणसी
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिन की पूर्व संध्या पर वाराणसी में अंत्योदय परिषद की Gen Z विंग ने रक्तदान शिविर का आयोजन किया। ‘मोदी की GenZ ब्लड स्क्वायड’ नाम से आयोजित इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में युवाओं ने रक्तदान किया। आयोजकों के मुताबिक, इनमें अधिकतर युवा 18 से 22 वर्ष आयु वर्ग के थे और कई पहली बार रक्तदान करने वाले तथा पहली बार मतदाता बने युवा भी शामिल थे।
कार्यक्रम वाराणसी के आईएमए ब्लड बैंक में आयोजित किया गया। आयोजकों ने बताया कि इसका उद्देश्य युवाओं की लोकतांत्रिक प्रक्रिया में पहली भागीदारी को स्वैच्छिक रक्तदान जैसी सामाजिक सेवा से जोड़ना था।
अंत्योदय परिषद के अध्यक्ष महेश चंद श्रीवास्तव ने कहा कि युवाओं में समाज के प्रति जिम्मेदारी की भावना मजबूत है और उनकी ऊर्जा को सकारात्मक तथा रचनात्मक गतिविधियों से जोड़ने की जरूरत है। उन्होंने कहा कि ‘मोदी की GenZ ब्लड स्क्वायड’ पहल के माध्यम से युवाओं को सामाजिक सेवा में भागीदारी के लिए एक मंच उपलब्ध कराने का प्रयास किया गया।
कार्यक्रम में शामिल युवाओं ने प्रधानमंत्री मोदी को Gen Z की प्रचलित भाषा में जन्मदिन की शुभकामनाएं भी दीं। आयोजकों के अनुसार, युवाओं ने उनके लिए ‘OG’, ‘Greatest of All Time (GOAT)’ और ‘Legend’ जैसे शब्दों का इस्तेमाल किया।
श्रीवास्तव ने कहा कि युवाओं में रक्तदान को लेकर कई बार झिझक और कुछ गलत धारणाएं रहती हैं। ऐसे कार्यक्रम स्वैच्छिक रक्तदान के प्रति जागरूकता बढ़ाने में मदद कर सकते हैं। युवाओं को पहली बार रक्तदान के लिए प्रोत्साहित करने से भविष्य में नियमित रक्तदान की आदत विकसित करने में भी मदद मिल सकती है।
पहली बार रक्तदान करने वाले आयुष ने कहा कि शुरुआत में उन्हें कुछ झिझक थी, लेकिन रक्तदान के महत्व के बारे में जानकारी मिलने के बाद उनका नजरिया बदल गया। उन्होंने प्रधानमंत्री मोदी के जन्मदिन के अवसर पर रक्तदान करने को अपने लिए विशेष अनुभव बताया।
कार्यक्रम के समापन पर रक्तदाताओं को प्रमाणपत्र प्रदान किए गए। आयोजकों ने कहा कि पहली बार रक्तदान करने वाले युवाओं के लिए ये प्रमाणपत्र खास महत्व रखते हैं और उन्हें आगे भी सामाजिक सेवा से जुड़ने के लिए प्रोत्साहित कर सकते हैं।
अंत्योदय परिषद की Gen Z विंग के मुताबिक, इस पहल का उद्देश्य युवाओं को केवल कार्यक्रमों के दर्शक के रूप में नहीं, बल्कि सामाजिक सेवा में सक्रिय भागीदार के रूप में जोड़ना था। आयोजकों ने रक्तदाताओं के साथ चिकित्सा टीम, आईएमए के अधिकारियों और कार्यक्रम से जुड़े स्वयंसेवकों का भी आभार व्यक्त किया।