आवाज द वॉयस/नई दिल्ली
केंद्रीय कृषि और ग्रामीण विकास मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने शनिवार को आरोप लगाया कि कांग्रेस ने वोट बैंक बनाने और सत्ता में बने रहने के लिए ‘घुसपैठ का मॉडल’ अपनाया।
केंद्रीय मंत्री ने यहां भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की असम इकाई के पूर्व अध्यक्ष भावेश कलिता के समर्थन में एक चुनावी रैली को संबोधित करते हुए कांग्रेस पर असम को घुसपैठियों के हवाले करने का आरोप लगाया।
चौहान ने कहा, “जब कांग्रेस सत्ता में थी, तब असम का जल, जंगल और जमीन घुसपैठियों के हाथों में सौंप दी गई थी, जिन्होंने कई लाख बीघा जमीन पर कब्जा कर लिया । जो भी आना चाहता था, वह ऐसे प्रवेश कर सकता था कि मानो राज्य कोई धर्मशाला हो। यह हमारी जमीन है... दूसरे देशों के लोग यहां आकर क्यों बसें?”
उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस ने घुसपैठियों को आधार कार्ड देकर और उनके नाम मतदाता सूची में दर्ज करके उन्हें वोट बैंक के रूप में इस्तेमाल किया।
चौहान ने कहा, “यह पाप था। कांग्रेस ने घुसपैठ का तरीका अपनाया, लेकिन भाजपा का तरीका श्रीमंत शंकरदेव के आदर्शों पर चलना और जनकल्याण के लिए काम करना है।”
उन्होंने आरोप लगाया कि जब 1979 में असम में विद्यार्थियों ने विदेशियों के खिलाफ आंदोलन शुरू किया, तो तत्कालीन कांग्रेस सरकार ने आंदोलनकारियों पर गोली चलाई।
उन्होंने आरोप लगाया, ‘‘स्वतंत्रता के समय भी कांग्रेस असम को पाकिस्तान को सौंपकर उसे वर्तमान बांग्लादेश का हिस्सा बनाने की योजना बना रही थी। मैं राज्य के पहले मुख्यमंत्री लोकप्रिय गोपीनाथ बोरदोलोई को नमन करता हूं, जिन्होंने ऐसा होने से रोका।’’