‘नीला’ के एक साल बाद केरल का ‘हेक्स20’ फिर से अंतरिक्ष पहुंचा

Story by  PTI | Published by  [email protected] | Date 14-07-2026
A year after 'Neela', Kerala's 'Hex20' reaches space again
A year after 'Neela', Kerala's 'Hex20' reaches space again

 

आवाज द वॉयस/नई दिल्ली

 
 अपना पहला उपग्रह सफलतापूर्वक अंतरिक्ष में भेजने के एक वर्ष बाद, टेक्नोपार्क स्थित स्पेसटेक स्टार्टअप ‘हेक्स20’ ने एक और महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल की है। कंपनी ने ताइवान की ‘नेशनल सेंट्रल यूनिवर्सिटी’ के लिए अपना दूसरा उपग्रह 'कोयो’ सफलतापूर्वक प्रक्षेपित किया है।
 
टोक्नोपार्क की ओर से सोमवार को जारी एक विज्ञप्ति में बताया गया कि यह उपग्रह ‘स्पेसएक्स’ के ‘ट्रांसपोर्टर-17’ अभियान के तहत प्रक्षेपित किया गया और अंतरिक्ष में पहुंचने के लगभग एक घंटे बाद इसे कक्षा में सफलतापूर्व स्थापित कर दिया गया।
 
उपग्रह की कक्षा में स्थापित होने के लगभग 40 मिनट बाद ‘हेक्स20’ को ‘कोयो’ से पहले ‘बीकन संकेत’ (प्रारंभिक रेडियो संकेत) मिले। ‘सैटनॉग्स एमेच्योर सैटेलाइट कम्युनिटी’ ने इन संकेतों को डिकोड किया और पुष्टि की कि उपग्रह काम कर रहा है।
 
‘सैटनॉग्स’ दुनिया भर में फैले छोटे-छोटे रेडियो ग्राउंड स्टेशनों का नेटवर्क है, जिनकी मदद से लोग अंतरिक्ष में मौजूद उपग्रहों से आने वाले रेडियो संकेतों को प्राप्त और रिकॉर्ड कर सकते हैं।
 
पिछले साल, कंपनी ने स्पेस एक्सप्लोरेशन टेक्नोलॉजीज कॉरपोरेशन (स्पेसएक्स) के साथ मिलकर भारत का पहला निजी क्षेत्र का राइडशेयर उपग्रह ‘नीला’ प्रक्षेपित किया था जो केरल का पहला निजी तौर पर बनाया गया उपग्रह है।
 
‘हेक्स20’ के मुख्य कार्यकारी अधिकारी (सीईओ) अमल चंद्रन के अनुसार, ‘कोयो’, ‘हेक्स20’ को एक भरोसेमंद वैश्विक उपग्रह अभियान सहयोगी के तौर पर स्थापित करने की दिशा में एक और अहम कदम है।
 
‘हेक्स20’ के मुख्य प्रौद्योगिकी अधिकारी (सीटीओ) और सह-संस्थापक अनुराग रेघु ने कहा, ‘‘कोयो ने कक्षा में उम्मीद के मुताबिक काम किया है, 1500 से अधिक रेडियो संकेत डिकोड किए गए हैं, जमीन से 75 से ज्यादा कमांड सफलतापूर्वक भेजे गए हैं और उपग्रह अभी सामान्य परिचालन मोड के लिए शुरुआती दौर से गुजर रहा है।’’