आवाज द वॉयस/नई दिल्ली
पश्चिम बंगाल के दक्षिण 24 परगना जिले में एक नाबालिग लड़की से कथित दुष्कर्म और उसकी हत्या के मामले में गिरफ्तार किये गए तीन आरोपियों को विशेष जांच दल (एसआईटी) मंगलवार को बारुईपुर स्थित घटनास्थल पर ले गया और वारदात की कड़ियों को जोड़कर यह पता लगाने का प्रयास किया कि पूरी घटना किस क्रम में हुई। एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने यह जानकारी दी।
जांचकर्ताओं के साथ एक फॉरेंसिक टीम भी घटनास्थल पर गई और जारी जांच के तहत वहां से नये नमूने एकत्र किए।
अधिकारी ने बताया कि यह कवायद रेलवे पटरी के पास उस स्थान पर की गई, जहां नाबालिग लड़की का यौन उत्पीड़न किया गया और फिर उसकी हत्या कर दी गई। तीनों आरोपियों कबीर मुल्ला, आनंद सरदार और दिबाकर सरदार को घटनास्थल पर ले जाया गया तथा दो स्वतंत्र गवाहों की मौजूदगी में उन्हें घटना के क्रम के बारे में बताने को कहा गया।
एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने कहा, ‘‘आरोपियों के बयानों की पुष्टि करने और अब तक जुटाए गए सबूतों से उनका मिलान करने के लिए घटनाक्रम के बारे में विस्तृत जानकारी जुटाई गई। फॉरेंसिक विशेषज्ञों ने भी घटनास्थल की जांच की और अतिरिक्त नमूने एकत्र किए, जिन्हें वैज्ञानिक जांच के लिए भेजा जाएगा।’’