भारत और चीन के ‘नाजुक’ संबंधों में हस्तक्षेप नहीं करेगा रूस: पुतिन

Story by  PTI | Published by  [email protected] | Date 05-06-2026
Russia will not interfere in the 'fragile' relations between India and China: Putin
Russia will not interfere in the 'fragile' relations between India and China: Putin

 

आवाज द वॉयस/नई दिल्ली 

 
रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने बृहस्पतिवार को कहा कि भारत और चीन के ‘‘नाजुक’’ द्विपक्षीय संबंधों में रूस हस्तक्षेप नहीं करेगा।

पुतिन ने साथ ही विश्वास जताया कि भारत और चीन काफी समय से लंबित अपने सीमा विवादों को सौहार्दपूर्ण तरीके से सुलझाने के लिए प्रतिबद्ध हैं।
 
पुतिन ने ‘पीटीआई’ समेत दुनिया की अग्रणी समाचार एजेंसियों के प्रमुखों के साथ व्यापक बातचीत में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और चीन के राष्ट्रपति शी चिनफिंग की सराहना करते हुए कहा कि दोनों नेता सीमा संबंधी मामलों को शांतिपूर्ण तरीके से हल करने के लिए प्रतिबद्ध हैं।
 
रूस के राष्ट्रपति ने ‘पीटीआई’ के सीईओ और प्रधान संपादक विजय जोशी के एक सवाल के जवाब में कहा, ‘‘भारत और चीन के बीच नाजुक एवं बहुआयामी संबंध है और इसमें हस्तक्षेप करना अच्छा विचार नहीं है। बेशक, हमारा अपने दोनों मित्रों-भारत और चीन-के साथ संवाद होता है।’’
 
उन्होंने कहा, ‘‘राष्ट्रपति शी और प्रधानमंत्री मोदी, दोनों सीमा मुद्दे समेत आपसी हितों से जुड़े सभी मुद्दों को सुलझाने की कोशिश कर रहे हैं।’’
 
भारत और चीन ने 2020 में गलवान घाटी में हुई घातक झड़पों और उसके बाद चार वर्ष से अधिक समय तक बने रहे सैन्य गतिरोध के कारण अपने संबंधों में आए गंभीर तनाव के बाद, पिछले एक वर्ष से अधिक समय में संबंधों को फिर से सामान्य बनाने के लिए कई कदम उठाए हैं।
 
राष्ट्रपति पुतिन ने एशिया में रूस के रणनीतिक संतुलन को रेखांकित करते हुए कहा कि भारत एवं चीन के साथ रूस की दशकों पुरानी साझेदारियां स्वाभाविक रूप से विकसित हुई हैं और दोनों संबंध एक-दूसरे से पूरी तरह अलग हैं।
 
उन्होंने इन संबंधों को स्वाभाविक रूप से विकसित बताया और कहा कि भारत के साथ रूस की बढ़ती निकटता चीन की कीमत पर नहीं है, ठीक उसी तरह जैसे चीन के साथ रूस का गहरा गठजोड़ भारत के साथ उसके संबंधों को प्रभावित नहीं करता।