Vijayvargiya's statement on sugar is like rubbing salt on the wounds of people already hit by inflation: CPI(M)
आवाज द वॉयस/नई दिल्ली
मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (माकपा) ने बृहस्पतिवार को कहा कि शक्कर की कीमतों में हुई वृद्धि को लेकर मध्यप्रदेश सरकार के वरिष्ठ मंत्री कैलाश विजयवर्गीय का बयान महंगाई की मार से 'जख्मी' जनता पर नमक छिड़कने वाला है।
माकपा के राज्य सचिव जसविंदर सिंह ने एक बयान में कहा, "राखी के त्यौहार पर शक्कर की कीमतों हुई वृद्धि और इस पर कैलाश विजयवर्गीय का बयान जनता की भावनाओं को आहत करने वाला भी है और उनके जख्मों पर नमक छिड़कने वाला भी है।"
विजयवर्गीय ने बुधवार को इंदौर में कहा था कि वैसे भी आजकल 90 प्रतिशत लोग मीठा खाना पसंद नहीं करते हैं। उन्होंने कहा, "आपको बता दूं कि मैं तो मीठा खाता ही नहीं हूं।’’
मंत्री ने ठहाके के साथ मजाकिया अंदाज में कहा, ‘‘मैं तो कहता हूं कि (शक्कर) खूब महंगी हो जाए। (शक्कर) केवल बच्चों के लिए कंट्रोल (उचित मूल्य की शासकीय दुकान) में बढ़िया सस्ती मिल जाए, बाकी बुजुर्गों को तो (शक्कर) देनी ही नहीं है।’’
सिंह ने कहा है कि संसदीय कार्य मंत्री होने के नाते कैलाश विजयवर्गीय सरकार के प्रवक्ता भी हैं और इस नाते इसे व्यक्तिगत टिप्पणी नहीं, बल्कि मुख्यमंत्री मोहन यादव के नेतृत्व वाली भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) सरकार का आधिकारिक बयान समझा जाना चाहिए।