वर्ष 2026 में अब तक 26 कंपनियों ने आईपीओ से 27,000 करोड़ रुपये जुटाए : रिपोर्ट

Story by  PTI | Published by  [email protected] | Date 16-06-2026
So far in 2026, 26 companies have raised Rs 27,000 crore from IPOs: Report
So far in 2026, 26 companies have raised Rs 27,000 crore from IPOs: Report

 

आवाज द वॉयस/नई दिल्ली 

 
भारत के प्राथमिक बाजार में 2025 में शानदार प्रदर्शन रहने के बाद अब 2026 में सुस्ती आई है और अब तक 23 कंपनियों ने आरंभिक सार्वजनिक निर्गम (आईपीओ) के जरिये 27,000 करोड़ रुपये से ज्यादा रकम जुटाई है।
 
‘इक्विरस कैपिटल’ की मंगलवार को जारी एक रिपोर्ट में यह जानकारी दी गई है।
 
इससे पहले 2025 में 103 आईपीओ लाए गए थे, जिसमें कुल मिलाकर 1.76 लाख करोड़ रुपये जुटाए गए। यह राशि 2024 में 90 कंपनियों द्वारा जुटाए गए 1.6 लाख करोड़ और 2023 में 57 कंपनियों द्वारा जुटाए गए 49,436 करोड़ से कहीं अधिक थीं।
 
हालांकि, प्राथमिक बाजार में जल्द ही गतिविधियां तेज होने के संकेत मिल रहे हैं। बीमा प्रौद्योगिकी कंपनी टर्टलमिंट फिनटेक सॉल्यूशंस और आभूषण क्षेत्र की कंपनी एडविट ज्वेल्स इस महीने अपने आईपीओ लेकर आने वाली हैं।
 
इसके अलावा, क्रूज पर्यटन क्षेत्र की कंपनी वॉटरवेज लीजर टूरिज्म लिमिटेड भी इसी महीने अपना पहला सार्वजनिक निर्गम ला सकती है।
 
टर्टलमिंट का आईपीओ 19 जून और एडविट ज्वेल्स का आईपीओ 23 जून को खुलेगा।
 
वहीं, एनएसई के इस सप्ताह भारतीय प्रतिभूति एवं विनिमय बोर्ड (सेबी) के पास सार्वजनिक निर्गम के लिए अपने शुरुआती कागज़ात दाखिल करने की उम्मीद है।
 
त्वरित कॉमर्स क्षेत्र की कंपनी ज़ेप्टो और देश की सबसे बड़ी म्यूचुअल फंड कंपनी एसबीआई म्यूचुअल फंड भी अगले महीने आईपीओ लाने की तैयारी में हैं।
 
इस महीने सीएमआर ग्रीन टेक्नोलॉजीज और हेक्सागन न्यूट्रिशन अपने आईपीओ पहले ही जारी कर चुकी हैं।
 
रिपोर्ट के अनुसार, मई 2026 तक मुख्य एक्सचेंज में सूचीबद्ध होने के लिए 236 आईपीओ प्रस्ताव विभिन्न चरणों में लंबित हैं। इनमें 163 प्रस्तावों को सेबी की मंजूरी मिल चुकी है, जबकि 73 प्रस्ताव नियामकीय टिप्पणियों की प्रतीक्षा में हैं।
 
इक्विरस कैपिटल के अनुसार, 25 सितंबर, 2025 को आईपीओ गतिविधियां अपने चरम पर थी, जब एक ही दिन में 25 सार्वजनिक निर्गम बाजार में आए थे।
 
रिपोर्ट में कहा गया है कि वर्ष 2026 की दूसरी तिमाही (अप्रैल-जून) में अब तक केवल चार आईपीओ आए हैं, जिनके जरिये 2,422 करोड़ रुपये जुटाए गए हैं। इसके मुकाबले पहली तिमाही में 19 आईपीओ से 24,772 करोड़ रुपये और 2025 की चौथी तिमाही में 30 आईपीओ से 91,058 करोड़ रुपये जुटाए गए थे।