आवाज द वॉयस/नई दिल्ली
पूर्व आईपीएस अधिकारी राजेश पांडेय के श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र न्यास के सीईओ की चयन प्रक्रिया पर सवाल उठाये जाने के बाद न्यास ने स्पष्ट किया है कि चुने गये सेवानिवृत्त एयर मार्शल जितेंद्र मिश्रा 11 अगस्त को साक्षात्कार के लिये आए थे।
राम मंदिर न्यास के मुख्य कार्यकारी अधिकारी (सीईओ) पद की दौड़ में शामिल रहे पांडेय ने हाल में एक साक्षात्कार में कहा था कि 11 अगस्त को उन्हें दिए गए समय के दौरान उन्होंने मिश्रा को साक्षात्कार वाली जगह पर नहीं देखा था।
इन टिप्पणियों के बाद न्यास को चयन प्रक्रिया पर स्पष्टीकरण जारी करना पड़ा, वहीं पांडेय ने भी स्पष्ट किया कि उनकी बातों का गलत मतलब निकाला गया।
न्यास ने सोमवार रात 'एक्स' पर एक पोस्ट में कहा कि वह सीईओ के चयन को लेकर मीडिया की कुछ खबरों में गलत जानकारी के मद्देनजर 'तथ्यों को स्पष्ट' करना चाहता है।
न्यास ने इस दावे को 'तथ्यात्मक रूप से गलत' बताते हुए खारिज कर दिया कि मिश्रा ने 11-12 अगस्त की साक्षात्कार प्रक्रिया में हिस्सा नहीं लिया था।