प्रधानमंत्री मोदी शाम को सोमनाथ पहुंचेंगे, ओंकार मंत्र उच्चारण में भाग लेंगे

Story by  PTI | Published by  [email protected] | Date 10-01-2026
PM Modi will reach Somnath in the evening and will participate in the chanting of Omkar Mantra.
PM Modi will reach Somnath in the evening and will participate in the chanting of Omkar Mantra.

 

आवाज द वॉयस/नई दिल्ली

 
 प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी शनिवार शाम को गुजरात के सोमनाथ पहुंचेंगे और सोमनाथ स्वाभिमान पर्व के तहत आयोजित समारोहों में भाग लेंगे। अधिकारियों ने यह जानकारी दी।
 
इन समारोहों के लिए इस मंदिर नगरी को सजाया गया है और उत्सवों के रूप में सात से 11 जनवरी तक वहां कई कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं।
 
प्रधानमंत्री मोदी ने शुक्रवार को ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा, ‘‘सोमनाथ स्वाभिमान पर्व हमारी आध्यात्मिक परंपरा का एक सशक्त प्रतीक है, जिसे पूरे देश में अत्यंत श्रद्धा, भक्ति और उल्लास के साथ मनाया जाता है। इसी संदर्भ में मुझे कल रात लगभग आठ बजे सोमनाथ मंदिर में ओंकार मंत्र के दिव्य उच्चारण में भाग लेने का सौभाग्य प्राप्त होगा।’’
 
उन्होंने कहा, ‘‘अगले दिन सुबह लगभग 9:45 बजे भारत माता के अनगिनत वीर पुत्रों को समर्पित शौर्य यात्रा में भाग लेने के बाद मैं मंदिर में दर्शन और पूजा-अर्चना करूंगा। इसके बाद मुझे यहां एक सार्वजनिक कार्यक्रम में भाग लेने का अवसर भी मिलेगा।’’
 
उत्सवों के हिस्से के रूप में शनिवार रात को एक भव्य ड्रोन शो भी आयोजित किया जाएगा।
 
प्रधानमंत्री कार्यालय (पीएमओ) ने शुक्रवार को एक बयान में कहा कि यह पर्व भारत के उन नागरिकों की याद में आयोजित किया जा रहा है, जिन्होंने सोमनाथ मंदिर की रक्षा के लिए बलिदान दिया और भावी पीढ़ियों की सांस्कृतिक चेतना को प्रभावित करते आए हैं।
 
यह कार्यक्रम महमूद गजनी के सोमनाथ मंदिर पर हमले के 1,000 साल पूरे होने पर आयोजित किया जा रहा है।
 
बयान में कहा गया है कि पिछली शताब्दियों में सोमनाथ मंदिर को नष्ट करने के कई प्रयासों के बावजूद आज यह मंदिर आस्था और राष्ट्रीय गौरव के एक शक्तिशाली प्रतीक के रूप में खड़ा है, जो इसे इसकी प्राचीन महिमा को बहाल करने के सामूहिक संकल्प और प्रयासों के कारण संभव हो पाया है।
 
बयान के अनुसार, आजादी के बाद मंदिर के जीर्णोद्धार का प्रयास सरदार वल्लभभाई पटेल ने किया। मंदिर की जीर्णोद्धार यात्रा की सबसे महत्वपूर्ण उपलब्धियों में से एक 1951 में हासिल हुई, जब मूल स्वरूप में बहाल किए गए सोमनाथ मंदिर के दरवाजे तत्कालीन राष्ट्रपति राजेंद्र प्रसाद की मौजूदगी में औपचारिक रूप से श्रद्धालुओं के लिए खोल दिए गए।
 
इसमें कहा गया है कि 2026 में इस ऐतिहासिक जीर्णोद्धार के 75 साल पूरे होने से ‘सोमनाथ स्वाभिमान पर्व’ का महत्व और भी बढ़ गया है। इसमें कहा गया है कि ‘सोमनाथ स्वाभिमान पर्व’ में देश भर के सैकड़ों संत हिस्सा लेंगे और मंदिर परिसर में लगातार 72 घंटे तक ‘ओंकार’ मंत्र का जाप किया जाएगा।