गणेश चतुर्थी पर राष्ट्रपति मुर्मू और ओम बिरला ने दी देशवासियों को शुभकामनाएं

Story by  आवाज़ द वॉयस | Published by  [email protected] | Date 14-09-2026
On the eve of Ganesh Chaturthi, President Murmu and Om Birla greeted the countrymen.
On the eve of Ganesh Chaturthi, President Murmu and Om Birla greeted the countrymen.

 

नई दिल्ली।

राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने रविवार को गणेश चतुर्थी की पूर्व संध्या पर देशवासियों को शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि यह पावन पर्व हमें जीवन में नए संकल्पों के साथ प्रगति के मार्ग पर आगे बढ़ने की प्रेरणा देता है।

राष्ट्रपति मुर्मू ने अपने संदेश में कहा, “गणेश चतुर्थी के पावन अवसर पर मैं देश और विदेश में रहने वाले सभी भारतीयों को हार्दिक बधाई और शुभकामनाएं देती हूं।”

उन्होंने कहा कि भगवान गणेश ज्ञान, बुद्धिमत्ता, समृद्धि और शुभारंभ के प्रतीक हैं। गणेश चतुर्थी का पर्व हमारे जीवन में ऊर्जा, ज्ञान और सकारात्मकता का संचार करता है।

राष्ट्रपति ने प्रार्थना की कि भगवान गणेश सभी के जीवन में सुख, शांति, उत्तम स्वास्थ्य और समृद्धि लेकर आएं। उन्होंने देशवासियों से राष्ट्र निर्माण में अपना योगदान देने का संकल्प लेने की अपील भी की।

ओम बिरला ने भी दी शुभकामनाएं

लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने भी गणेश चतुर्थी की पूर्व संध्या पर देशवासियों को शुभकामनाएं दीं। उन्होंने भगवान गणेश को “विघ्नहर्ता और मंगलकारी” बताते हुए सभी के जीवन से बाधाओं और कठिनाइयों को दूर करने की प्रार्थना की।

बिरला ने अपने संदेश में कहा, “भगवान श्री गणेश की आराधना के पावन पर्व गणेश चतुर्थी के अवसर पर हार्दिक शुभकामनाएं। मैं प्रार्थना करता हूं कि भगवान श्री गणेश सभी के जीवन से बाधाओं और कठिनाइयों को दूर करें और सभी को सुख, शांति, समृद्धि तथा उत्तम स्वास्थ्य का आशीर्वाद दें।”

लोकसभा अध्यक्ष ने कहा कि भगवान गणेश के आशीर्वाद से देश की प्रगति और लोगों के कल्याण के संकल्प को नई ऊर्जा मिले।

उन्होंने देशवासियों से ज्ञान, विवेक और सद्भाव के मार्ग पर आगे बढ़ने का संकल्प लेने का आह्वान किया।

ओम बिरला ने कहा, “इस पावन अवसर पर आइए हम ज्ञान, बुद्धि और सद्भाव के मार्ग पर आगे बढ़ने का संकल्प लें। सार्वभौमिक भाईचारे की भावना के साथ गजानन के चरणों में सभी के कल्याण, समृद्धि और मंगल की कामना करें।”

उन्होंने अपने संदेश का समापन “गणपति बप्पा मोरया” के जयघोष के साथ किया।