चुमौकेदिमा (नागालैंड)
भारतीय सेना के रंगापहाड़ सैन्य स्टेशन स्थित आर्मी रिक्रूटिंग ऑफिस (एआरओ) ने नागालैंड के चुमौकेदिमा स्थित पटकाई क्रिश्चियन कॉलेज में एक विशेष भर्ती जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया। कार्यक्रम का उद्देश्य युवाओं को भारतीय सशस्त्र बलों में करियर के अवसरों के बारे में जानकारी देना और उन्हें सेना में शामिल होने के लिए प्रेरित करना था।
आधिकारिक विज्ञप्ति के अनुसार, यह कार्यक्रम 1 नागालैंड एयर स्क्वाड्रन एनसीसी के सहयोग से आयोजित किया गया। इसमें सेना के अधिकारियों, प्रशिक्षकों और 300 से अधिक एनसीसी कैडेटों ने भाग लिया। कार्यक्रम के दौरान छात्रों और कैडेटों को भारतीय सेना में उपलब्ध विभिन्न भर्ती योजनाओं, चयन प्रक्रिया और करियर के अवसरों के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई।
कार्यक्रम में आर्मी रिक्रूटिंग ऑफिस के एक सैन्य चिकित्सक ने अग्निपथ योजना पर विशेष व्याख्यान दिया। उन्होंने योजना की प्रमुख विशेषताओं, पात्रता, चार वर्ष की सेवा अवधि, प्रशिक्षण प्रक्रिया और सेवा पूरी होने के बाद उपलब्ध करियर विकल्पों के बारे में विस्तार से जानकारी दी। साथ ही, प्रतिभागियों द्वारा पूछे गए विभिन्न प्रश्नों का भी उत्तर दिया गया, जिससे युवाओं की शंकाओं का समाधान हो सके।
सेना के अधिकारियों ने इस अवसर पर भारतीय सेना में अधिकारी बनने के विभिन्न मार्गों की भी जानकारी दी। उन्होंने नेशनल डिफेंस अकादमी (एनडीए), ऑफिसर्स ट्रेनिंग अकादमी (ओटीए), मिलिट्री नर्सिंग सर्विस (एमएनएस) और टेरिटोरियल आर्मी (टीए) जैसी अधिकारी प्रवेश योजनाओं के बारे में विस्तार से बताया। प्रत्येक योजना के लिए आवश्यक शैक्षणिक योग्यता, आयु सीमा, आवेदन प्रक्रिया और चयन प्रणाली को सरल भाषा में समझाया गया।
इसके अलावा प्रतिभागियों को सर्विसेज सिलेक्शन बोर्ड (एसएसबी) साक्षात्कार प्रक्रिया के बारे में भी विस्तृत जानकारी दी गई। सेना के अधिकारियों ने बताया कि एसएसबी केवल लिखित परीक्षा पास करने तक सीमित नहीं है, बल्कि उम्मीदवार के नेतृत्व कौशल, मानसिक क्षमता, व्यक्तित्व, निर्णय लेने की क्षमता और शारीरिक दक्षता का भी व्यापक मूल्यांकन किया जाता है।
कार्यक्रम के दौरान छात्रों को सेना में भर्ती से संबंधित विभिन्न सूचना पुस्तिकाएं, पोस्टर, पंपलेट और अन्य प्रचार सामग्री वितरित की गई, ताकि वे भविष्य में भी इन जानकारियों का उपयोग कर सकें। अधिकारियों ने युवाओं को देश सेवा, अनुशासन, नेतृत्व क्षमता और राष्ट्र निर्माण में भारतीय सशस्त्र बलों की भूमिका के बारे में भी प्रेरित किया।
सेना के अधिकारियों ने कहा कि ऐसे जागरूकता कार्यक्रमों का उद्देश्य केवल भर्ती संबंधी जानकारी देना नहीं, बल्कि युवाओं में राष्ट्र सेवा की भावना को मजबूत करना भी है। उन्होंने छात्रों से अपील की कि यदि वे सेना में करियर बनाने की इच्छा रखते हैं तो समय रहते पात्रता, चयन प्रक्रिया और तैयारी के बारे में सही जानकारी प्राप्त करें और पूरी लगन के साथ तैयारी करें।
यह कार्यक्रम नागालैंड के युवाओं के लिए भारतीय सेना में उपलब्ध अवसरों को समझने और सैन्य सेवाओं में भविष्य बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है। अधिकारियों ने उम्मीद जताई कि इस तरह के अभियान से अधिक से अधिक युवा भारतीय सशस्त्र बलों में शामिल होकर देश सेवा के लिए आगे आएंगे।