J-K: राजौरी के गंभीर मुगलन जंगलों में चौथे दिन भी आतंकवाद-विरोधी विशाल तलाशी अभियान जारी है

Story by  आवाज़ द वॉयस | Published by  onikamaheshwari | Date 26-05-2026
J-K: Massive anti-terror search operation continues for fourth day in Rajouri's Gambhir Mughlan forests
J-K: Massive anti-terror search operation continues for fourth day in Rajouri's Gambhir Mughlan forests

 

राजौरी (जम्मू और कश्मीर) 
 
राजौरी जिले के मंजाकोट सेक्टर में गंभीर मुगलन और दोरीमल के घने जंगलों में सुरक्षा बलों का एक बड़ा घेराबंदी और तलाशी अभियान (CASO) मंगलवार को लगातार चौथे दिन भी जारी रहा। यह अभियान इस इलाके में संदिग्ध आतंकवादियों की मौजूदगी के बारे में मिली खुफिया जानकारी के बाद शुरू किया गया था। यह संयुक्त अभियान भारतीय सेना, जम्मू और कश्मीर पुलिस और केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (CRPF) द्वारा पीर पंजाल बेल्ट के ऊबड़-खाबड़ जंगली इलाकों में चलाया जा रहा है।
 
सुरक्षा बलों का रविवार को इस खुफिया जानकारी पर आधारित अभियान के दौरान संदिग्ध आतंकवादियों से आमना-सामना हुआ था, जिसके बाद दोनों ओर से कुछ देर गोलीबारी भी हुई। तब से, पूरे जंगली इलाके में बड़े पैमाने पर तलाशी और निगरानी अभियान लगातार जारी हैं। भारतीय सेना की 'व्हाइट नाइट कोर' ने इससे पहले बताया था कि गंभीर मुगलन इलाके में जम्मू और कश्मीर पुलिस तथा CRPF के साथ मिलकर चलाए गए एक संयुक्त अभियान के दौरान आतंकवादियों से उनका आमना-सामना हुआ था।
 
स्थानीय निवासियों ने बताया कि पिछले कुछ दिनों में इस इलाके में सुरक्षा बलों की तैनाती काफी बढ़ा दी गई है। एक स्थानीय निवासी आकिब खान ने कहा, "संदिग्ध आतंकवादियों के बारे में जानकारी मिलने के बाद से ही, कल से गंभीर मुगलन के जंगली इलाके में सुरक्षा बलों की भारी मौजूदगी बनी हुई है।" उन्होंने आगे कहा, "पूरे इलाके को सुरक्षा बलों ने पूरी तरह से घेर लिया है और तलाशी अभियान लगातार जारी हैं। स्थानीय निवासी सुरक्षा एजेंसियों के साथ पूरा सहयोग कर रहे हैं और उम्मीद कर रहे हैं कि जल्द ही हालात सामान्य हो जाएंगे।" एक अन्य निवासी, मोहम्मद जावेद ने इस इलाके के मुश्किल भौगोलिक हालात का ज़िक्र किया।
 
उन्होंने कहा, "गंभीर मुगलन का जंगली इलाका ऊबड़-खाबड़ पहाड़ों और घने जंगलों से भरा हुआ है, जिसकी वजह से यहां आवाजाही करना और तलाशी अभियान चलाना काफी चुनौतीपूर्ण काम है।" मोहम्मद जुबैर ने भी कुछ ऐसी ही भावनाएं व्यक्त करते हुए कहा कि आस-पास के गांवों में रहने वाले लोग इस पूरी स्थिति पर बारीकी से नज़र रखे हुए हैं और वे उम्मीद कर रहे हैं कि इस इलाके में जल्द ही शांति और सामान्य स्थिति बहाल हो जाएगी।