आवाज द वॉयस/नई दिल्ली
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और स्लोवाकिया के राष्ट्रपति पीटर पेलेग्रिनी ने स्लोवाकिया की राजधानी में स्कूली बच्चों की योग की प्रस्तुति देखी।
मोदी अपने सप्ताहभर के यूरोप दौरे के तहत स्लोवाकिया की राजधानी ब्रातिस्लावा में हैं और उन्होंने वाराणसी पर आधारित एक आकर्षक प्रदर्शनी भी देखी।
सोमवार को उन्होंने ‘एक्स’ पर पोस्ट किया, ‘‘ राष्ट्रपति पेलेग्रिनी और मुझे स्लोवाकिया के स्कूली बच्चों के एक विशेष योग प्रदर्शन को देखकर प्रसन्नता हुई।’’
उन्होंने अपने पोस्ट में कहा, ‘‘ जैसे-जैसे दुनिया अंतरराष्ट्रीय योग दिवस की ओर बढ़ रही है, युवाओं द्वारा योग को अपनाते देखना बहुत सुखद है। यह भी खुशी की बात है कि योग कल्याण के माध्यम से लोगों को लगातार एकजुट कर रहा है।’’
अंतरराष्ट्रीय योग दिवस हर साल 21 जून को मनाया जाता है। प्रधानमंत्री मोदी के प्रस्ताव पर 2014 में संयुक्त राष्ट्र ने इसे योग दिवस की मान्यता दी थी।
मोदी ने अपने पोस्ट में कहा, ‘‘ब्रातिस्लावा में बनारस से जुड़ाव ।’’
उन्होंने ‘एक्स’ पर पोस्ट किया, ‘‘ कल ब्रातिस्लावा के राष्ट्रपति भवन में, राष्ट्रपति पेलेग्रिनी और मैंने वाराणसी पर केंद्रित एक आकर्षक प्रदर्शनी देखी। हाल ही में इस शहर का दौरा करने वाले स्लोवाक कलाकारों की कृतियां भी इसमें शामिल थीं। कला और संस्कृति में वास्तव में एक अनूठी क्षमता होती है।’’
मोदी ने कहा, ‘‘इस प्रदर्शनी में जिनकी कृतियां प्रदर्शित की गईं, उन सभी को मेरी बधाई।’’
एक अलग पोस्ट में मोदी ने साहित्यिक विद्वान रॉबर्ट गैफ्रिक के साथ अपनी बातचीत साझा की, जिन्होंने दस प्रमुख उपनिषदों का संस्कृत से स्लोवाक भाषा में अनुवाद करने में पांच वर्ष समर्पित किए।
मोदी ने एक्स पर पोस्ट किया, ‘‘ कल शाम (सोमवार) ब्रातिस्लावा में मैंने डॉ. रॉबर्ट गैफ्रिक से मुलाकात की, जिन्होंने उपनिषदों का स्लोवाक भाषा में अनुवाद करने के प्रयास का किया है।’’