India's installed power generation capacity is expected to cross 2,000 GW by 2047: Report
आवाज द वॉयस/नई दिल्ली
देश में स्थापित बिजली उत्पादन क्षमता 2047 तक बढ़कर 2,000 गीगावाट से अधिक होने का अनुमान है। यह मौजूदा स्तर से करीब चार गुना है। इस वृद्धि में स्वच्छ ऊर्जा, विशेष रूप से सौर ऊर्जा की महत्वपूर्ण भूमिका होगी। एक रिपोर्ट में यह कहा गया है।
एनर्जी एंड क्लाइमेट इनिशिएटिव्स सोसायटी (ईएनसीआईएस) की रिपोर्ट...भारत के बिजली एवं ऊर्जा क्षेत्र के बदलाव का परिदृश्य मंगलवार को यहां आयोजित ‘भारत इलेक्ट्रिसिटी, पावरजेन इंडिया एंड इंडियन यूटिलिटी वीक 2026’ के उद्घाटन सत्र में जारी की गई।
रिपोर्ट के अनुसार, सौर ऊर्जा क्षमता मौजूदा के 119 गीगावाट (एक गीगावाट बराबर 1,000 मेगावाट) से बढ़कर 2047 तक 1,100 गीगावाट से अधिक हो सकती है। यह ‘विकसित भारत’ के लक्ष्य के लिए बड़े पैमाने पर आवश्यक बुनियादी ढांचे, नवोन्मेष और नीतिगत समर्थन के महत्व को बताता है।
केंद्रीय विद्युत प्राधिकरण (सीईए) के चेयरपर्सन घनश्याम प्रसाद ने इस मौके पर कहा कि भारत के बिजली क्षेत्र में अभूतपूर्व वृद्धि हो रही है और रिकॉर्ड वार्षिक क्षमता वृद्धि के साथ स्वच्छ ऊर्जा की ओर तेजी से बदलाव हो रहा है।