नीदरलैंड के सामने होगी भारत की कड़ी परीक्षा, गलती के लिए कोई गुंजाइश नहीं

Story by  PTI | Published by  [email protected] | Date 21-08-2026
India face a tough test against the Netherlands, leaving no room for error.
India face a tough test against the Netherlands, leaving no room for error.

 

आवाज द वॉयस/नई दिल्ली


 
 भारत शनिवार को यहां जब विश्व कप हॉकी के दूसरे दौर के अपने पहले मैच में सह-मेजबान और मौजूदा ओलंपिक चैंपियन नीदरलैंड से भिड़ेगा तो उसकी रक्षात्मक कमजोरियों की सबसे बड़ी परीक्षा तब होगी और हरमनप्रीत सिंह की अगुवाई वाली टीम यह अच्छी तरह से जानती है कि अगर उसे सेमीफाइनल में जगह बनानी है तो अब गलती की कोई गुंजाइश नहीं है।
 
भारतीय टीम को न सिर्फ एक मजबूत प्रतिद्वंद्वी का सामना करना होगा बल्कि वैगनर स्टेडियम में नीदरलैंड के लिए बनने वाले माहौल की चुनौती से भी पार पाना होगा।
 
इस 10,000 दर्शकों की क्षमता वाले स्टेडियम में नीदरलैंड के समर्थकों के बड़ी संख्या में पहुंचने की उम्मीद है। स्थानीय दर्शकों ने अभी तक अपनी टीम के प्रति पूरी प्रतिबद्धता दिखाई है और वह बड़ी संख्या में स्टेडियम पहुंचे हैं। ऐसे में स्टैंड में ‘ओरेंज’ रंग का विशाल जनसमूह, लगातार नारे लगाना और घरेलू टीम के लिए जोशीला समर्थन भारत के लिए माहौल को बेहद चुनौतीपूर्ण बना सकता है।
 
भारतीय टीम को हालांकि विचलित नहीं होना चाहिए। उसके लिए सबसे बड़ी चिंता अच्छी शुरुआत के बाद नियंत्रण खो देना है।
 
पाकिस्तान के खिलाफ 3-0 और 4-1 से बढत बनाने के बाद भारत ने पकड़ ढीली की, जबकि इंग्लैंड के खिलाफ पहले हाफ में 2-1 की बढ़त तीसरे क्वार्टर में दो गोल खाने के बाद हाथ से निकल गई और आखिर में टीम 2-4 से हार गई। नीदरलैंड जैसी टीमों के खिलाफ इस तरह की गलती भारी पड़ सकती है ।
 
भारत ने पूल डी में वेल्स को 3 -1 से और पाकिस्तान को 5-3 से हराया जबकि इंग्लैंड से हार उसे भारी पड़ सकती है । पहले चरण में इंग्लैंड से हारने के कारण भारतीय टीम दूसरे दौर में उसके खिलाफ नहीं खेलेगी जबकि इंग्लैंड पहले दौर के तीन अंक लेकर इस दौर में पहुंची है । इसके मायने हैं कि भारत को बाकी दोनों टीमों से जीतना ही होगा ।
 
दूसरी तरफ नीदरलैंड की टीम ने अभी तक शानदार प्रदर्शन किया है। उसने न्यूजीलैंड को 5-1, अर्जेंटीना को 3-1 और जापान को 4-1 से हराकर तीनों मैच में अपना दबदबा बनाया। ऐसे में दुनिया की सबसे आक्रामक टीम के खिलाफ भारतीय रक्षापंक्ति की कड़ी परीक्षा होगी।