हुंदै की जहाज निर्माण इकाई को आंध्र प्रदेश में समुद्री इंजीनियरिंग केंद्र स्थापित करने का निमंत्रण

Story by  PTI | Published by  [email protected] | Date 10-07-2026
Hyundai's shipbuilding unit invited to set up marine engineering centre in Andhra Pradesh
Hyundai's shipbuilding unit invited to set up marine engineering centre in Andhra Pradesh

 

आवाज द वॉयस/नई दिल्ली

 
 आंध्र प्रदेश के सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री नारा लोकेश ने दक्षिण कोरिया की राजधानी सियोल में एचडी कोरिया शिपबिल्डिंग एंड ऑफशोर इंजीनियरिंग (एचडी केओएसई) के शीर्ष नेतृत्व से शुक्रवार को मुलाकात की और कंपनी को राज्य में विश्वस्तरीय जहाज निर्माण एवं समुद्री इंजीनियरिंग केंद्र स्थापित करने के लिए आमंत्रित किया।
 
दक्षिण कोरिया यात्रा के छठे दिन मंत्री ने आंध्र प्रदेश की समुद्री क्षमताओं को रेखांकित किया। उन्होंने राज्य की लगभग 1,000 किलोमीटर लंबी तटरेखा, भारत के पूर्वी तट पर इसकी रणनीतिक स्थिति, संचालित तथा प्रस्तावित गहरे समुद्री बंदरगाहों, विश्वस्तरीय लॉजिस्टिक अवसंरचना, प्रतिस्पर्धी औद्योगिक परिवेश एवं निवेशक-अनुकूल नीतियों का उल्लेख किया।
 
आधिकारिक प्रेस विज्ञप्ति में कहा गया, ‘‘ लोकेश ने सियोल में एचडी केओएसई के वैश्विक कारोबार निदेशक क्वोन यंगहून और टीम लीडर होंग सुंजून से मुलाकात की तथा कंपनी को आंध्र प्रदेश के समुद्री एवं जहाज निर्माण क्षेत्र में निवेश की संभावनाएं तलाशने के लिए आमंत्रित किया।’’
 
उन्होंने किया मोटर्स, उसके आपूर्तिकर्ता नेटवर्क और एलजी इलेक्ट्रॉनिक्स जैसी कोरियाई कंपनियों के सफल अनुभव का उल्लेख करते हुए कहा कि आंध्र प्रदेश ने रिकॉर्ड समय में बड़ी औद्योगिक परियोजनाओं को क्रियान्वित करने की अपनी क्षमता लगातार साबित की है।
 
मंत्री ने गूगल डेटा सेंटर, आर्सेलरमित्तल के एकीकृत इस्पात संयंत्र और लड़ाकू विमान विनिर्माण परियोजना जैसे प्रमुख निवेशों का भी उल्लेख किया।
 
उन्होंने कहा कि भारत में आने वाले कुल निवेश का लगभग 25 प्रतिशत आंध्र प्रदेश ने आकर्षित किया है।
 
लोकेश ने एचडी केओएसई को आंध्र प्रदेश में विश्वस्तरीय जहाज निर्माण और समुद्री इंजीनियरिंग केंद्र स्थापित करने के लिए राज्य के विभिन्न संभावित स्थानों का आकलन करने के लिए आमंत्रित दिया। उन्होंने कंपनी को भरोसा दिलाया कि उसकी तकनीकी, लॉजिस्टिक और व्यावसायिक आवश्यकताओं के अनुरूप उपयुक्त स्थानों की पहचान की जाएगी।
 
लोकेश ने कहा कि आंध्र प्रदेश विश्वस्तरीय बुनियादी ढांचे, रणनीतिक तटरेखा और सक्रिय प्रशासन के दम पर भारत में कंपनी का दीर्घकालिक एवं भरोसेमंद जहाज निर्माण साझेदार बनने के लिए तैयार है।