त्रिपुरा के तीन जिलों में भारी बारिश से बाढ़,11,000 लोग विस्थापित

Story by  PTI | Published by  [email protected] | Date 10-07-2026
Heavy rains flood three Tripura districts, displacing 11,000 people
Heavy rains flood three Tripura districts, displacing 11,000 people

 

आवाज द वॉयस/नई दिल्ली

 
 त्रिपुरा के तीन जिलों में पिछले कुछ दिनों से हो रही भारी बारिश के कारण बाढ़ आ गई, जिससे लगभग 11,000 लोगों को राहत शिविरों में शरण लेनी पड़ी है। एक अधिकारी ने शुक्रवार को यह जानकारी दी।
 
कांग्रेस के बिराजित सिन्हा ने आरोप लगाया कि जल संसाधन विभाग समय पर पानी नियंत्रित करने वाले गेट की मरम्मत करने में नाकाम रहा, जिसके कारण उनाकोटी, धलाई और खोवाई जिलों के कई निचले इलाकों में अचानक बाढ़ आ गई।
 
हालांकि, अभी तक किसी जनहानि की खबर नहीं है।
 
राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण के एक अधिकारी ने बताया कि उफनती मानुन नदी का जलस्तर बारिश कम होने के बाद घटने लगा है।
 
राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण के परियोजना निदेशक सनत कुमार दास ने कहा,‘‘उनाकोटी जिले के 6,068 लोगों ने 35 राहत शिविरों में शरण ली है। हालांकि, शुक्रवार को नदी का जलस्तर घटने से बाढ़ की स्थिति में सुधार हुआ है।’’
 
उन्होंने बताया कि धलाई और खोवाई ज़िलों में बाढ़ से प्रभावित 4,909 लोगों ने राहत शिविरों में शरण ली है।
 
दास ने कहा, ‘‘बुधवार और बृहस्पतिवार को भारी बारिश होने के कारण बाढ़ आ जाने पर करीब 11,000 लोग बेघर हो गए। अभी तक किसी की मौत की खबर नहीं है, लेकिन 4,027 घर क्षतिग्रस्त हो गए हैं।’’
 
विधायक के आरोप पर परियोजना निदेशक ने कहा कि कैलाशहर उपसंभाग में निविदा को अंतिम रूप देने को लेकर हुए विवाद के कारण मनु नदी के पानी को नियंत्रित करने से संबंधित 19 गेट समय पर ठीक नहीं कराये जा सके।
 
उन्होंने कहा कि कैलाशहर को बचाने का एकमात्र तरीका गेट और नदी के तटबंधों की तुरंत मरम्मत करना है।
 
भारत मौसम विज्ञान विभाग ने राज्य के कई ज़िलों में भारी बारिश का अनुमान लगाया है।