Envoys from various countries laud the impact and support of the India-UN Development Partnership Fund
आवाज द वॉयस/नई दिल्ली
कई देशों के प्रतिनिधियों ने भारत-संयुक्त राष्ट्र विकास साझेदारी कोष के प्रभाव की सराहना की है। वहीं, भारत ने विकास से जुड़े अपने अनुभव साझा करने और ‘ग्लोबल साउथ’ के देशों की मदद करने की अपनी प्रतिबद्धता दोहराई है।
संयुक्त राष्ट्र में भारत के स्थायी मिशन ने बृहस्पतिवार को संयुक्त राष्ट्र मुख्यालय में भारत-संयुक्त राष्ट्र विकास साझेदारी कोष के नौवें वार्षिक कार्यक्रम का आयोजन किया। इस कार्यक्रम में भारत के सांसदों का एक प्रतिनिधिमंडल भी मौजूद था।
संयुक्त राष्ट्र में भारत के स्थायी प्रतिनिधि राजदूत पी. हरीश ने संयुक्त राष्ट्र विकास कार्यक्रम (यूएनडीपी) और दक्षिण-दक्षिण सहयोग संयुक्त राष्ट्र कार्यालय (यूएनओएसएससी) के लगातार सहयोग के लिए आभार व्यक्त किया।
हरीश ने कहा, “हमने जमीनी स्तर पर इन परियोजनाओं के प्रभाव की दिल को छू लेने वाली कहानियां सुनीं। भारत अपने विकास संबंधी अनुभवों को साझा करने और ग्लोबल साउथ के मित्र देशों तथा साझेदारों को सहयोग और समर्थन देने के लिए प्रतिबद्ध है।”
उन्होंने बताया कि वर्ष 2017 में भारत सरकार ने विकास लक्ष्यों को हासिल करने में मदद देने के लिए ग्लोबल साउथ के देशों को 15 करोड़ डॉलर देने की घोषणा की थी।