बीजेपी के प्रकाश रेड्डी ने राहुल गांधी पर टेलीग्राम बैन का "राजनीतिकरण" करने का आरोप लगाया

Story by  आवाज़ द वॉयस | Published by  onikamaheshwari | Date 18-06-2026
BJP's Prakash Reddy accuses Rahul Gandhi of
BJP's Prakash Reddy accuses Rahul Gandhi of "politicising" Telegram ban

 

हैदराबाद (तेलंगाना) 
 
भारतीय जनता पार्टी के नेता प्रकाश रेड्डी ने गुरुवार को लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी और विपक्ष के अन्य नेताओं पर NEET की दोबारा परीक्षा के लिए टेलीग्राम ऐप पर अस्थायी रोक को "राजनीतिक मुद्दा बनाने" का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार छात्रों के हितों की रक्षा के लिए सभी ज़रूरी कदम उठा रही है। इस मामले पर राहुल गांधी की टिप्पणी पर प्रतिक्रिया देते हुए रेड्डी ने कहा कि इस मुद्दे को राजनीतिक विवाद नहीं बनाना चाहिए और ज़ोर देकर कहा कि सरकार निष्पक्ष और पारदर्शी परीक्षा प्रक्रिया सुनिश्चित करने पर ध्यान केंद्रित कर रही है।
 
रेड्डी ने ANI से कहा, "मुझे नहीं पता कि वह (राहुल गांधी) इसे राजनीतिक मुद्दा क्यों बनाना चाहते हैं। शिक्षा मंत्री पहले ही घोषणा कर चुके हैं कि दोबारा परीक्षा पूरी तरह से और बिना किसी गड़बड़ी के आयोजित की जाएगी। भारत सरकार छात्रों के हितों की रक्षा के लिए सभी उपाय कर रही है।" बीजेपी नेता ने विपक्ष के अन्य नेताओं पर भी निशाना साधा और आरोप लगाया कि वे इस मुद्दे से राजनीतिक फ़ायदा उठाने की कोशिश कर रहे हैं।
उन्होंने कहा, "अरविंद केजरीवाल सहित विपक्ष की सभी पार्टियां और नेता इसे राजनीतिक मुद्दा बनाना चाहते हैं।"
 
रेड्डी ने आगे दावा किया कि इस मुद्दे से जुड़े मीडिया प्रोपेगैंडा (प्रचार) के कारण लगभग 22 लाख छात्रों को परेशानी का सामना करना पड़ा है। उन्होंने कहा, "मीडिया प्रोपेगैंडा के कारण लगभग 22 लाख छात्रों को परेशानी हुई है। अब, जब यह मुद्दा सामने आया है, तो भारत सरकार छात्रों के हितों की रक्षा के लिए सभी उपाय कर रही है, लेकिन विपक्षी पार्टियां इसे राजनीतिक मुद्दा बना रही हैं।" सरकार के कदम का बचाव करते हुए रेड्डी ने तर्क दिया कि कुछ मीडिया प्लेटफॉर्म या आउटलेट्स पर लगाई गई अस्थायी पाबंदियों को प्रेस की आज़ादी पर हमले के तौर पर नहीं देखा जाना चाहिए।
 
उन्होंने कहा, "किसी मीडिया पर दो-तीन दिन के लिए रोक लगाना मीडिया का दमन नहीं है, बल्कि यह केवल छात्रों के हितों की रक्षा के लिए है। कुछ मीडिया हाउस की गैर-ज़िम्मेदाराना हरकत को ध्यान में रखा जाना चाहिए, और उसी के अनुसार, उनमें से कुछ को छात्रों के हित में इस तरह की खबरें प्रकाशित करने से रोका गया है।" रेड्डी ने कहा कि केंद्र की प्राथमिकता परीक्षा प्रक्रिया में निष्पक्षता सुनिश्चित करना और छात्रों को गलत जानकारी और अनावश्यक चिंता से बचाना है। इससे पहले राहुल गांधी ने NEET-UG पेपर लीक की चिंताओं के बीच टेलीग्राम से जुड़ी पाबंदियों को लेकर केंद्र पर तीखा हमला किया था और आरोप लगाया था कि सरकार "पेपर लीक माफिया" से निपटने के बजाय छात्रों को निशाना बना रही है। गांधी की ये टिप्पणियाँ तब आईं जब नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) ने मंगलवार को भारत में टेलीग्राम प्लेटफ़ॉर्म के इस्तेमाल पर 22 जून 2026 तक के लिए रोक लगा दी। इस अवधि में NEET (UG) 2026 की दोबारा परीक्षा का दिन और उसके ठीक बाद का समय भी शामिल है। सरकार का कहना है कि टेलीग्राम ऐप का इस्तेमाल संगठित नकल गिरोहों द्वारा उम्मीदवारों को गुमराह करने और उनके साथ धोखाधड़ी करने के लिए किया गया था।
 
X पर एक पोस्ट में गांधी ने कहा, "'टेलीग्राम पर बैन' - पेपर लीक रोकने के लिए मोदी सरकार का नया हथकंडा। यानी, चोर को पकड़ने के बजाय, पीड़ित के दरवाज़े पर ही ताला लगा दो।"