Sensex surges over 2,000 points, Nifty tops 24,500 as easing oil prices, Democrats' US midterm gains lift sentiment
मुंबई (महाराष्ट्र)
गुरुवार को भारतीय शेयर बाजार में भारी तेजी देखने को मिली। कच्चे तेल की कीमतों में कमी और अमेरिकी मध्यावधि चुनावों में डेमोक्रेट्स की बढ़त के बाद मिले सकारात्मक वैश्विक संकेतों के चलते, सेंसेक्स 2,000 अंकों से अधिक उछल गया और निफ्टी 24,500 के स्तर के ऊपर बंद हुआ। सेंसेक्स 2008.61 अंक या 2.60 प्रतिशत की तेजी के साथ 79,310.01 पर बंद हुआ, जबकि पिछले सत्र में यह 77,301.40 पर था। निफ्टी 576.00 अंक या 2.40 प्रतिशत की बढ़त के साथ 24,536.60 पर बंद हुआ, जबकि पिछले सत्र में यह 23,960.60 पर था।
सेक्टर के हिसाब से देखें तो, सभी प्रमुख मार्केट इंडेक्स बढ़त के साथ बंद हुए। इनमें 'निफ्टी 100' सबसे आगे रहा, जिसमें 2.23 प्रतिशत की तेजी आई। ज्यादातर सेक्टर इंडेक्स में तेजी रही, जिनमें 'निफ्टी फाइनेंशियल सर्विसेज' और 'निफ्टी बैंक' प्रमुख रहे; इनमें क्रमशः 4 प्रतिशत और 3 प्रतिशत से अधिक की उछाल देखी गई। वहीं, 'निफ्टी केमिकल्स' और 'मीडिया' इंडेक्स में गिरावट (करेक्शन) देखने को मिली।
NSE पर बजाज फाइनेंस, श्रीराम फाइनेंस, इंडिगो, मारुति, TMPV, M&M, ICICI बैंक, BSE, बजाज फिनसर्व, एशियन पेंट्स, एटरनल, एक्सिस बैंक, आयशर मोटर्स, इंफोसिस, HDFC बैंक, TCS, SBI, ग्रासिम, L&T, टेक महिंद्रा, टाटा स्टील, JSW स्टील, बजाज ऑटो, टाइटन और हिंडाल्को जैसे शेयरों में सबसे ज्यादा तेजी रही। दूसरी ओर, अपोलो हॉस्पिटल्स, ONGC, NTPC, BEL, अडानी एयरपोर्ट्स, सिप्ला और ट्रेंट जैसे शेयरों में गिरावट दर्ज की गई।
इसी तरह, BSE पर बजाज फाइनेंस, इंडिगो, मारुति, M&M, ICICI बैंक, एशियन पेंट्स, बजाज फिनसर्व, एक्सिस बैंक, एटरनल, इंफोसिस, HDFC बैंक, सन फार्मा, L&T, TCS, टेक महिंद्रा, रिलायंस, कोटक बैंक, टाइटन, टाटा स्टील और हिंदुस्तान यूनिलीवर जैसे शेयरों में सबसे ज्यादा तेजी रही। NTPC, BEL, अडानी एयरपोर्ट्स, ITC, पावर ग्रिड और भारती एयरटेल सबसे खराब प्रदर्शन करने वाले शेयर रहे। कमोडिटी मार्केट में, इस रिपोर्ट के समय ब्रेंट क्रूड लगभग 96.02 USD प्रति बैरल पर और क्रूड ऑयल लगभग 88.56 USD प्रति बैरल पर ट्रेड कर रहा था।
रेलिगेयर ब्रोकिंग के रिसर्च SVP, अजीत मिश्रा ने कहा, "अलग-अलग सेक्टरों के बड़े शेयरों में आई व्यापक मजबूती ने निफ्टी को पिछले तीन महीनों के नुकसान की भरपाई करने में मदद की है। इससे इंडेक्स अगस्त के अपने उच्च स्तर, लगभग 24,800 के करीब, को फिर से छूने की राह पर है। बैंकिंग और फाइनेंशियल शेयरों में आई नई तेजी एक और सकारात्मक संकेत है। इसलिए, हमारा मानना है कि बाजार का रुख सकारात्मक बना रहेगा। हालांकि, आगे आने वाली संभावित अस्थिरता को देखते हुए, शेयरों का चुनाव बहुत सोच-समझकर करना चाहिए और ओवरनाइट रिस्क मैनेजमेंट पर भी ध्यान देना चाहिए।"
मार्केट एनालिस्ट विपिन डिक्सना ने कहा, "आज की तेजी उत्साहजनक है क्योंकि इसे केवल 'शॉर्ट कवरिंग' का ही नहीं, बल्कि कई अन्य कारकों का भी समर्थन मिल रहा है। कच्चे तेल की कम कीमतें, विदेशी निवेशकों का बढ़ता निवेश और भू-राजनीतिक अनिश्चितताओं में कमी की उम्मीदें बाजार के सेंटीमेंट को बेहतर बना रही हैं। भारत के लिए मैक्रो-इकोनॉमिक माहौल में सुधार एक सकारात्मक संकेत है। साथ ही, वित्त वर्ष 2027 की पहली छमाही के नतीजे बताते हैं कि कई लार्ज-कैप सेक्टरों में कमाई की संभावनाएं बेहतर हो रही हैं।"
उन्होंने आगे कहा, "निफ्टी 24,200 के स्तर के काफी ऊपर आ गया है, जिससे इसका शॉर्ट-टर्म टेक्निकल स्ट्रक्चर मजबूत हुआ है। अब 24,200–24,100 का दायरा एक अहम सपोर्ट जोन बन गया है, जबकि 24,400–24,500 का स्तर तत्काल रेजिस्टेंस जोन है। अगर निफ्टी 24,500 के ऊपर टिका रहता है, तो इसमें और तेजी आ सकती है। पिछले कुछ सत्रों में आई तेज रैली को देखते हुए, निवेशकों को बीच-बीच में होने वाली 'प्रॉफिट बुकिंग' के लिए भी तैयार रहना चाहिए।"