ट्रंप ने होर्मुज जलडमरूमध्य का नाम बदलने का दिया सुझाव

Story by  एटीवी | Published by  [email protected] | Date 03-09-2026
Trump suggests renaming the Strait of Hormuz.
Trump suggests renaming the Strait of Hormuz.

 

नई दिल्ली

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान और ओमान के बीच स्थित रणनीतिक रूप से बेहद महत्वपूर्ण होर्मुज जलडमरूमध्य का नाम बदलकर ‘ट्रंप जलडमरूमध्य’ करने का सुझाव दिया है। ट्रंप ने यह टिप्पणी ऐसे समय की है जब अमेरिका और ईरान के बीच तनाव एक बार फिर बढ़ गया है।

व्हाइट हाउस ने भी सोशल मीडिया पर एक ऐसा नक्शा साझा किया है, जिसमें होर्मुज जलडमरूमध्य के स्थान पर ‘ट्रंप जलडमरूमध्य’ नाम दिखाई दे रहा है।

ट्रंप ने बुधवार को अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रुथ सोशल पर एक पोस्ट में लिखा, “अब जबकि यह अमेरिका के नियंत्रण में है, तो क्या होर्मुज जलडमरूमध्य का नाम बदलकर ट्रंप जलडमरूमध्य कर देना चाहिए?” उन्होंने आगे अपने अंदाज में लिखा कि अमेरिका की तरह यह भी पहले से कहीं ज्यादा ‘गर्म’ हो जाएगा।

दुनिया के सबसे अहम समुद्री मार्गों में शामिल

होर्मुज जलडमरूमध्य दुनिया के सबसे महत्वपूर्ण समुद्री व्यापारिक मार्गों में से एक है। यह फारस की खाड़ी को ओमान की खाड़ी और आगे अरब सागर से जोड़ता है। वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति के लिहाज से इसका महत्व बेहद ज्यादा है। दुनिया के कुल ऊर्जा उत्पादों का करीब पांचवां हिस्सा इसी समुद्री मार्ग से होकर गुजरता है।

भौगोलिक रूप से जलडमरूमध्य का उत्तरी हिस्सा ईरान और दक्षिणी हिस्सा ओमान से जुड़ा है। तेल और गैस की वैश्विक आपूर्ति के लिए इसकी रणनीतिक भूमिका के कारण यहां होने वाला कोई भी तनाव अंतरराष्ट्रीय बाजारों को प्रभावित कर सकता है।

अमेरिका ईरान के आमने-सामने

रिपोर्ट के मुताबिक, अमेरिका और ईरान के बीच युद्ध शुरू होने के बाद से होर्मुज जलडमरूमध्य में व्यावसायिक जहाजों की आवाजाही बुरी तरह प्रभावित हुई है। ईरान ने जलडमरूमध्य से गुजरने वाले विदेशी वाणिज्यिक जहाजों पर शुल्क लगाने की घोषणा की है। अमेरिका और उसके पश्चिमी सहयोगियों ने ईरान के इस कदम का विरोध किया है।

दूसरी ओर, ट्रंप प्रशासन द्वारा ईरानी बंदरगाहों पर लगाए गए प्रतिबंधों ने भी समुद्री गतिविधियों को प्रभावित किया है। इन परिस्थितियों में जलडमरूमध्य से होकर गुजरने वाले जहाजों के लिए सुरक्षा और संचालन संबंधी चुनौतियां बढ़ गई हैं।

सऊदी तेल टैंकरों पर हमले से बढ़ा तनाव

अमेरिका और ईरान के बीच तनाव उस समय और बढ़ गया जब होर्मुज जलडमरूमध्य से कथित तौर पर गुप्त रूप से गुजर रहे दो सऊदी तेल टैंकरों पर मिसाइल हमले हुए। इसके बाद एक महीने से अधिक समय से जारी अनौपचारिक युद्धविराम के बावजूद दोनों देशों के बीच तनाव फिर बढ़ता दिखाई दिया।

सऊदी अरब को मध्य पूर्व में अमेरिका के प्रमुख सहयोगियों में गिना जाता है। ऐसे में सऊदी तेल टैंकरों पर हमले ने क्षेत्रीय सुरक्षा को लेकर भी चिंता बढ़ा दी है।

पहले भी बदल चुके हैं भौगोलिक नाम

डोनाल्ड ट्रंप इससे पहले भी महत्वपूर्ण भौगोलिक स्थलों के नाम बदलने को लेकर चर्चा में रहे हैं। जनवरी 2025 में दूसरी बार राष्ट्रपति पद संभालने के बाद उनके प्रशासन ने मैक्सिको की खाड़ी का नाम बदलकर ‘अमेरिका की खाड़ी’ करने की पहल की थी।

इसके बाद ट्रंप की ओर से लेक ओंटारियो का नाम बदलकर ‘लेक अमेरिका’ किए जाने की बात भी सामने आई। यह झील अमेरिका के न्यूयॉर्क राज्य और कनाडा के ओंटारियो प्रांत के बीच स्थित है।

अब ट्रंप के नए सुझाव के बाद होर्मुज जलडमरूमध्य का नाम बदलने की चर्चा भी अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सुर्खियों में आ गई है। हालांकि, किसी अंतरराष्ट्रीय जलमार्ग के नाम को एकतरफा बदलने का सवाल केवल राजनीतिक घोषणा से तय नहीं होता और इसके लिए व्यापक अंतरराष्ट्रीय स्वीकृति की जरूरत पड़ सकती है।