नई दिल्ली
भारतीय तेज़ गेंदबाज़ मोहम्मद शमी ने अपनी निजी ज़िंदगी के एक मुश्किल दौर को लेकर पहली बार खुलकर बात की है। चार साल की शादी के बाद शमी और उनकी पत्नी हसीन जहाँ अलग हो चुके हैं, और तलाक का मामला अभी भी अदालत में लंबित है।
शमी पर लगे गंभीर आरोप:
हसीन जहाँ ने शमी पर कई आरोप लगाए थे—जैसे महिलाओं से संबंध रखने, बेटी की अनदेखी करने और मानसिक प्रताड़ना देने का आरोप। दोनों की शादी 2014 में हुई थी, लेकिन 2018 के बाद से वे अलग रह रहे हैं।
एक इंटरव्यू में जब शमी से पूछा गया कि क्या उन्हें अपनी शादी को लेकर कोई पछतावा है, तो उन्होंने साफ़ कहा, "उसे छोड़ो। मुझे अतीत का कभी पछतावा नहीं होता। जो कुछ भी हुआ, वो हो चुका है। मैं किसी को दोषी नहीं ठहराना चाहता, और ना ही मुझे कोई अपराधबोध है। मेरा ध्यान अब सिर्फ क्रिकेट पर है। मैं विवादों में नहीं पड़ना चाहता।"
शमी ने दी मीडिया को चेतावनी:
शमी ने यह भी कहा कि वे इन मुद्दों में बार-बार घसीटे जाने से नाराज़ हैं। उन्होंने कहा, "जांच करना आपका काम है, लेकिन आप हमें फांसी क्यों देना चाहते हैं? मौत की सज़ा क्यों देना चाहते हैं? दूसरी तरफ़ भी देखिए। मुझे अब इन विवादों में कोई दिलचस्पी नहीं है। मैं सिर्फ़ क्रिकेट से जुड़ा रहना चाहता हूँ।"
अन्य क्रिकेटरों की भी टूटी शादियाँ:
शमी अकेले ऐसे खिलाड़ी नहीं हैं जिनकी शादीशुदा ज़िंदगी सुखद नहीं रही। दिनेश कार्तिक, शिखर धवन और युजवेंद्र चहल जैसे क्रिकेटर्स भी वैवाहिक विवादों का सामना कर चुके हैं।
फिलहाल क्रिकेट पर फोकस:
चोट की वजह से शमी लंबे समय से भारतीय टीम से बाहर चल रहे हैं। उन्होंने आख़िरी बार चैंपियंस ट्रॉफी में टीम इंडिया के लिए खेला था। फिलहाल वे दलीप ट्रॉफी में खेलते नजर आ रहे हैं और वापसी की कोशिश में जुटे हैं।