नई दिल्ली
हैदराबाद के बल्लेबाज अमन राव ने विजय हजारे ट्रॉफी (VHT) में बंगाल के खिलाफ नाबाद 200 रन की शानदार पारी खेलकर सभी का ध्यान खींचा। अमेरिका के विस्कॉन्सिन में जन्मे राव ने अपनी इस पारी में 154 गेंदों में 12 चौके और 13 छक्के लगाए। इस प्रदर्शन के साथ वह VHT में डबल सेंचुरी बनाने वाले नौवें बल्लेबाज बने और हैदराबाद के पहले बल्लेबाज बने।
अमन ने बताया कि उनका क्रिकेट सफर आसान नहीं रहा। जन्म के समय अमेरिकी नागरिक राव को हैदराबाद का प्रतिनिधित्व करने के लिए भारतीय नागरिकता का इंतजार करना पड़ा। उनके कागजात टूर्नामेंट शुरू होने से दो दिन पहले ही तैयार हुए। इससे पहले उन्होंने दिसंबर 2024 में हैदराबाद के लिए टी20 में डेब्यू करते हुए 42 गेंदों में 67* रन बनाए थे।
उनकी शानदार पारी ने भारतीय स्पिन दिग्गज रविचंद्रन अश्विन को भी प्रभावित किया, जिन्होंने सोशल मीडिया पर राव की तारीफ करते हुए कहा कि “RR ने सोना खोज लिया है।” अश्विन ने उनके तेज़ रन रेट और पहले 100 रन 108 गेंदों में, अगले 100 रन केवल 46 गेंदों में बनाने की क्षमता को भी सराहा।
अमन ने अपने संघर्षों और धैर्य के बारे में बताया। उन्होंने कहा कि कभी-कभी उन्हें रन नहीं मिलते थे, तब उन्होंने साथी हैदराबादी खिलाड़ी तिलक वर्मा से मदद ली। उन्नीस साल की उम्र में उन्होंने अंडर-23 मैन एलिट ट्रॉफी में 381 रन बनाए और इस प्रदर्शन ने उनके आत्मविश्वास को और बढ़ाया।
अमन ने यह भी साझा किया कि शुरुआत में उन्हें ओपनर बनने में डर लगता था, लेकिन नौ साल की उम्र में पहली सेंचुरी ने उन्हें आत्मविश्वास दिया। उन्होंने अंडर-19 टीम में चयन नहीं मिलने के समय भी हार नहीं मानी और लगातार अभ्यास करते रहे।
अब उनका लक्ष्य है कि वे अपने राज्य के लिए वाइट-बॉल क्रिकेट में हर अवसर का पूरा फायदा उठाएं, आईपीएल में अपने प्रदर्शन को और निखारें और अगर मौका मिले तो रणजी ट्रॉफी में डेब्यू करें।
अमन राव का यह सीज़न उनके क्रिकेट करियर में एक बड़ा मोड़ साबित हो रहा है और उन्हें भविष्य में भारतीय क्रिकेट में एक मजबूत खिलाड़ी के रूप में देखा जा रहा है।