फीफा विश्व कप 2026: बेल्जियम के खिलाफ ईरान को बचाने वाले गोलकीपर की संसद अध्यक्ष ने की सराहना

Story by  आवाज़ द वॉयस | Published by  [email protected] | Date 22-06-2026
FIFA World Cup 2026: Parliament Speaker praises the goalkeeper who saved Iran against Belgium.
FIFA World Cup 2026: Parliament Speaker praises the goalkeeper who saved Iran against Belgium.

 

तेहरान।

फीफा विश्व कप 2026 में बेल्जियम के खिलाफ शानदार प्रदर्शन करने वाले ईरान के गोलकीपर अलीरेजा बेइरनवंद की पूरे देश में सराहना हो रही है। ईरानी संसद के अध्यक्ष मोहम्मद बाकर गालिबाफ ने भी उनकी प्रशंसा करते हुए कहा कि “हम अपने देश की रक्षा इसी तरह करते हैं।”

गालिबाफ ने सोशल मीडिया मंच एक्स पर ईरान और बेल्जियम के बीच खेले गए ग्रुप-जी मुकाबले की एक तस्वीर साझा करते हुए बेइरनवंद की तारीफ की। उन्होंने लिखा, “हम अपनी सरज़मीं की हिफाज़त इसी तरह करते हैं।” उनका यह संदेश सोशल मीडिया पर तेजी से चर्चा का विषय बन गया।

33 वर्षीय अलीरेजा बेइरनवंद ने लॉस एंजिलिस स्टेडियम में खेले गए मुकाबले में असाधारण गोलकीपिंग का प्रदर्शन किया। उन्होंने पूरे मैच में सात महत्वपूर्ण बचाव किए, जिनमें चार शानदार डाइविंग सेव और तीन हाई क्लेम शामिल थे। आंकड़ों के अनुसार उन्होंने लगभग 1.70 संभावित गोल रोककर अपनी टीम को हार से बचाया।

उनके इस शानदार प्रदर्शन की बदौलत ईरान ने बेल्जियम जैसी मजबूत टीम के खिलाफ 0-0 से ड्रॉ खेला और एक महत्वपूर्ण अंक हासिल किया। मैच के बाद उन्हें ‘सुपीरियर प्लेयर ऑफ द मैच’ का पुरस्कार भी दिया गया।

मुकाबले की शुरुआत बेल्जियम ने आक्रामक अंदाज में की और शुरुआती मिनटों में गेंद पर नियंत्रण बनाए रखा। बेल्जियम के मैक्सिम डी कुइपर ने दूर से जोरदार शॉट लगाया, लेकिन बेइरनवंद ने बेहतरीन बचाव करते हुए गोल नहीं होने दिया।

ईरान ने भी जवाबी हमलों के जरिए खतरा पैदा किया। 24वें मिनट में मेहदी तारेमी ने शानदार फ्री-किक मूव के बाद गेंद को जाल में पहुंचा दिया था। हालांकि वीडियो असिस्टेंट रेफरी (VAR) की समीक्षा के बाद मामूली ऑफसाइड के कारण गोल रद्द कर दिया गया।

पहले हाफ में बेल्जियम ने लगातार दबाव बनाए रखा और कई अवसर बनाए, लेकिन हर बार बेइरनवंद ईरान के रक्षक बनकर सामने आए। उनकी शानदार गोलकीपिंग ने बेल्जियम के हमलावरों को निराश कर दिया।

मैच का सबसे बड़ा मोड़ 66वें मिनट में आया, जब बेल्जियम के डिफेंडर नाथन न्गोय को सीधे लाल कार्ड दिखाया गया। उन्होंने गोल की ओर बढ़ रहे मेहदी तारेमी को फाउल कर रोका था। इस फैसले के बाद बेल्जियम को दस खिलाड़ियों के साथ खेलना पड़ा।

संख्यात्मक बढ़त मिलने के बाद ईरान ने जीत के लिए लगातार हमले किए और कई नए आक्रामक खिलाड़ियों को मैदान में उतारा। हालांकि तमाम कोशिशों के बावजूद टीम निर्णायक गोल नहीं कर सकी।

इस ड्रॉ के बाद ग्रुप-जी की स्थिति बेहद रोमांचक हो गई है। ईरान अंक तालिका में शीर्ष पर है, जबकि बेल्जियम दूसरे स्थान पर बना हुआ है। न्यूजीलैंड और मिस्र के पास भी अगले दौर में पहुंचने का मौका बरकरार है, जिससे अंतिम ग्रुप मुकाबले बेहद महत्वपूर्ण हो गए हैं।

बेइरनवंद के प्रदर्शन ने न केवल ईरान को एक अहम अंक दिलाया, बल्कि उन्हें विश्व कप के सर्वश्रेष्ठ गोलकीपर प्रदर्शनों में भी शामिल कर दिया। ईरानी फुटबॉल प्रशंसक अब उम्मीद कर रहे हैं कि वह आगामी मुकाबलों में भी इसी तरह टीम की ढाल बने रहेंगे।