Union Jal Shakti Minister CR Paatil chairs high-level review meeting on Jal Jeevan Mission with Haryana MPs
नई दिल्ली
केंद्रीय जल शक्ति मंत्री सीआर पाटिल ने गुरुवार को दिल्ली के हरियाणा भवन में हरियाणा में जल जीवन मिशन और 'हर घर जल' योजना की प्रगति का जायजा लेने के लिए एक उच्च-स्तरीय समीक्षा बैठक की अध्यक्षता की। चार घंटे तक चली इस बैठक में केंद्रीय मंत्री मनोहर लाल के साथ-साथ हरियाणा के लगभग सभी सांसदों ने हिस्सा लिया, जिनमें बीजेपी और कांग्रेस दोनों दलों के सांसद शामिल थे। इस बैठक का मुख्य उद्देश्य जलापूर्ति परियोजनाओं की गति को तेज करना और केंद्र व राज्य के बीच बेहतर तालमेल सुनिश्चित करना था।
बैठक में शामिल प्रमुख नेताओं में बीजेपी से चौधरी धर्मबीर सिंह, सुभाष बराला और कृष्ण पाल गुर्जर तथा कांग्रेस से सांसद दीपेंद्र हुड्डा, वरुण मुलाना, कुमारी शैलजा, सतपाल ब्रह्मचारी और कर्मवीर बौद्ध शामिल थे। बैठक के बाद मीडिया को जानकारी देते हुए केंद्रीय मंत्री मनोहर लाल ने बताया कि जल जीवन मिशन-1 के तहत हुई प्रगति का विस्तार से जायजा लिया गया और बताया कि पहले चरण का पूरा बजट हरियाणा को पहले ही आवंटित किया जा चुका है। उन्होंने बताया कि अब जल जीवन मिशन-2 के लिए एक योजना तैयार कर केंद्र सरकार को भेजी जाएगी, जिसके बाद केंद्र इस काम के लिए फंड जारी करेगा।
लाल ने यह भी बताया कि बैठक के दौरान सभी राजनीतिक दलों के सांसदों ने राज्य में जल वितरण प्रणाली और बुनियादी ढांचे को मजबूत करने की तत्काल आवश्यकता पर एक सुर में बात की। चर्चाओं में लंबे समय से चले आ रहे सतलुज-यमुना लिंक (SYL) नहर विवाद पर भी बात हुई।
सतलुज-यमुना लिंक (SYL) मुद्दे पर बात करते हुए मनोहर लाल ने आरोप लगाया कि पिछली कांग्रेस सरकार ने इस मामले को 12 साल तक लटकाए रखा। उन्होंने बताया कि 2016 में पहली बार इस मुद्दे पर गंभीरता से काम किया गया, जिसके परिणामस्वरूप सुप्रीम कोर्ट का फैसला आया और हरियाणा को पानी का अधिकार मिला। हालांकि, उन्होंने कहा कि कानूनी प्रक्रिया के तहत उस फैसले को लागू कराने के लिए फिर से अदालत का दरवाजा खटखटाना पड़ता है, जो फिलहाल विभिन्न कारणों से लंबित है।
मंत्री ने बैठक के दौरान राज्य की खेल प्रतिभाओं की भी सराहना की। भारत के अंतरराष्ट्रीय खेल पदकों की संख्या में हरियाणा के योगदान पर ज़ोर देते हुए उन्होंने बताया कि कॉमनवेल्थ गेम्स में जीते गए कुल पदकों में राज्य के खिलाड़ियों का हिस्सा लगभग 40-50 प्रतिशत था और राज्य ने 7 गोल्ड मेडल जीते।
बैठक इस सहमति के साथ समाप्त हुई कि केंद्र और राज्य सरकारें हरियाणा में पानी की उपलब्धता और सप्लाई सिस्टम की कार्यक्षमता को और बेहतर बनाने के लिए मिलकर काम करेंगी।