There should be a judicial inquiry into the 'corridor' and 'widening' projects: Akhilesh Yadav
आवाज द वॉयस/नई दिल्ली
समाजवादी पार्टी (सपा) के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) सरकार की ‘कॉरिडोर’ और ‘चौड़ीकरण’ योजनाओं में घपले-घोटाले का आरोप लगाते हुए मंगलवार को बहुसदस्यीय न्यायिक जांच की मांग की।
सपा प्रमुख ने यह मांग राम मंदिर के दान पात्र और वित्तीय प्रबंधन में कथित अनियमितताओं के आरोपों के बीच उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा गठित विशेष जांच दल (एसआईटी) की जांच शुरू होने के बाद उठाई है।
अखिलेश यादव ने मंगलवार को ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा, ‘‘भाजपा सरकार के बनाए हर ‘कॉरिडोर’ और ‘चौड़ीकरण’ की योजना के पीछे जो घपला-घोटाला है, उसकी बहुसदस्यीय न्यायिक जांच होनी चाहिए।’’
उन्होंने आरोप लगाया, ‘‘इसमें संलिप्त किसी ट्रस्टी, किसी समिति के सदस्य या किसी प्रशासनिक एवं विकास प्राधिकरण के अधिकारी को बख्शा नहीं जाना चाहिए। इतने बड़े घोटाले इन सभी की मिलीभगत से ही संभव होते हैं।’’
पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा, ‘‘पिछले कुछ वर्षों में इन परियोजनाओं से जुड़े रहे सभी पदाधिकारियों और अधिकारियों तथा इनमें प्रमुख भूमिका निभाने वाले लोगों की कथित रूप से अवैध तरीके से अर्जित संपत्तियों और अकूत धन-संपदा की भी जांच होनी चाहिए। यह जांच आम जनता, ईमानदार पत्रकारों और विभिन्न दलों के जनप्रतिनिधियों की निगरानी में कराई जानी चाहिए।’’
यादव ने पोस्ट के साथ 31 सेकंड का एक वीडियो भी साझा किया। वीडियो पर लिखा है, ‘‘अयोध्या: साल 1940 में स्थापित शिव मंदिर पर चला बुलडोजर।’’
वीडियो में एक मंदिर जैसी संरचना को बुलडोजर से तोड़ते हुए दिखाया गया है।