आवाज द वॉयस/नई दिल्ली
मध्यप्रदेश के देवास जिले में सोमवार तड़के अवैध शराब से भरे ट्रक से कुचलकर खातेगांव थाना प्रभारी दिलीप पुरी की मौत के मामले में पुलिस ने मदिरा की तस्करी से जुड़ी पूरी कड़ी की पहचान कर ली है और आरोपियों को पकड़ने के लिए पांच जिलों में उसके दल सक्रिय हैं। पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने यह जानकारी दी।
विशेष पुलिस महानिदेशक उपेन्द्र जैन ने घटनास्थल के मुआयने के बाद संवाददाताओं से कहा, ‘‘घटना के सभी पहलुओं की जांच जारी है। हमारे दल पांच जिलों में सक्रिय हैं। हम पूरी तरह पहचान कर चुके हैं कि अवैध शराब कहां से आई थी, कहां जा रही थी और इसे कौन ले जा रहा था।’’
उन्होंने कहा कि पुलिस सभी आरोपियों और संदिग्धों को जल्द से जल्द हिरासत में लेने के प्रयासों में जुटी है।
गिरफ्तारियों के बारे में पूछे जाने पर जैन ने कहा,‘‘अभी मेरे लिए बताना उचित नहीं होगा कि कौन लोग पकड़े गए हैं। अभी मैं सिर्फ इतना कहूंगा कि अवैध शराब तस्करी की पूरी कड़ी से जुड़े लोगों की पहचान हो गई है।’’
इस बीच, पुलिस निरीक्षक पुरी का शव जब इंदौर में उनके घर पर लाया गया, तो उनके परिजन विलाप में डूब गए। इस दौरान उनके साथ काम कर चुके पुलिसकर्मियों की आंखें भी नम नजर आईं।