Solution will come through dialogue: Senior Congress leaders on Ramalinga Reddy's resignation
आवाज द वॉयस/नई दिल्ली
कर्नाटक के मंत्री रामलिंगा रेड्डी द्वारा विभागों के आवंटन को लेकर इस्तीफा देने के बाद कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं ने शुक्रवार को मामले को ज्यादा तूल न देते हुए विश्वास जताया कि पार्टी नेतृत्व उनसे बातचीत कर इस मुद्दे का समाधान निकाल लेगा।
रेड्डी ने यह आरोप लगाते हुए इस्तीफा देने की घोषणा की कि उन्हें बेंगलुरु विकास विभाग देने का आश्वासन दिया गया था। इसके कुछ घंटों बाद कर्नाटक के गृह मंत्री प्रियंक खरगे और कांग्रेस के वरिष्ठ विधायक दिनेश गुंडू राव ने अलग-अलग बयान में कहा कि अनुभवी नेता की चिंताओं का समाधान बातचीत के जरिए निकाल लिया जाएगा।
खरगे ने संवाददाताओं से कहा, ‘‘रेड्डी कांग्रेस के वरिष्ठ और सम्मानित नेता हैं। उनकी जो भी नाराजगी हो, पार्टी नेतृत्व उनके साथ बैठेगा और उसका समाधान निकालेगा। इसमें कोई समस्या नहीं है।’’
बेंगलुरु से आठ बार विधायक रह चुके वरिष्ठ कांग्रेस नेता रामलिंगा रेड्डी ने मुख्यमंत्री डी. के. शिवकुमार द्वारा बृहस्पतिवार रात 13 सदस्यीय मंत्रिपरिषद के विभागों का बंटवारा किए जाने के बाद इस्तीफा दे दिया था। उन्हें बड़े और मध्यम सिंचाई विभाग की जिम्मेदारी सौंपी गई, जबकि बेंगलुरु विकास विभाग ब्यातरायणपुरा के विधायक कृष्णा बायरे गौड़ा को दिया गया।