आवाज द वॉयस/नई दिल्ली
उद्योगपति और 18 जून को होने वाले महाराष्ट्र विधान परिषद चुनाव में चंद्रपुर-वर्धा-गढ़चिरौली सीट से भाजपा उम्मीदवार अरुण लखानी ने सोमवार को कहा कि राजनीति और पारिवारिक संबंध अलग-अलग मामले हैं।
लखानी के बेटे सारंग की शादी राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (एसपी) की सांसद सुप्रिया सुले की बेटी रेवती से 20 जून को होने वाली है।
भाजपा उम्मीदवार नामित होने के बाद उन्होंने एक मराठी समाचार चैनल को बताया, “सुप्रिया ताई ने मुझे बधाई संदेश भेजा। पवार परिवार का जिक्र स्वाभाविक है क्योंकि यह एक बड़ा राजनीतिक परिवार है और हम रिश्तेदार हैं। मुझे इसमें कुछ भी असामान्य नहीं लगता।”
जब उनसे पूछा गया कि क्या उनकी राजनीतिक संबद्धता और पवार परिवार से पारिवारिक संबंध एक अनूठा समीकरण बनाते हैं, तो लखानी ने कहा कि राजनीति अलग है और दोनों पक्ष अपनी-अपनी विचारधाराओं के लिये प्रतिबद्ध हैं।
कारोबारी ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह, केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी और मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस सहित महाराष्ट्र भाजपा के नेताओं द्वारा उन पर जताए गए विश्वास से वह सम्मानित महसूस कर रहे हैं।
अपनी चुनावी संभावनाओं के बारे में लखानी ने कहा कि लोकतंत्र में मतदाता ऐसे उम्मीदवारों को चुनते हैं जो उनके लिए काम करे और सरकारी कल्याणकारी योजनाओं के लाभ पहुंचाने में मदद करे।
भाजपा के उम्मीदवार ने स्वीकार किया कि उनका निर्वाचन क्षेत्र विशाल और विविधतापूर्ण है, जिसमें तीन अलग-अलग विशेषताओं वाले जिले शामिल हैं, जिनमें पिछड़ा जिला गढ़चिरौली और गांधीवादी गढ़ वर्धा शामिल है।
उन्होंने हालांकि, इस बात को खारिज कर दिया कि भूभाग के कारण कठिनाइयां उत्पन्न होंगी।
उन्होंने कहा, “लक्ष्मणराव मानकर ट्रस्ट के साथ काम करते हुए मैंने पहले भी इस क्षेत्र में व्यापक यात्रा की है। लोगों से मेरे अच्छे संबंध हैं और ये तीनों जिले मेरे लिए अनजान नहीं हैं। भाजपा ने मुझे यह अवसर दिया है और मुझे चुनाव जीतने का पूरा भरोसा है।”