प्रधानमंत्री ने युद्ध जल्द खत्म करने पर जोर दिया, हम पाकिस्तान की तरह ‘दलाल राष्ट्र नहीं’: सरकार

Story by  PTI | Published by  [email protected] | Date 25-03-2026
PM stressed on ending the war soon, we are not a 'compromise nation' like Pakistan: Government
PM stressed on ending the war soon, we are not a 'compromise nation' like Pakistan: Government

 

आवाज द वॉयस/नई दिल्ली

 
सरकार ने बुधवार को सर्वदलीय बैठक में कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से बातचीत में इस बात पर जोर दिया कि पश्चिम एशिया में युद्ध जल्द खत्म होना चाहिए क्योंकि इससे सभी को नुकसान हो रहा है।
 
सूत्रों का कहना है कि सरकार ने पश्चिम एशिया संघर्ष में कथित मध्यस्थता के संदर्भ में पाकिस्तान को ‘‘दलाल’’ राष्ट्र करार दिया।
 
सूत्रों के अनुसार, विदेश मंत्री एस जयशंकर ने बैठक में कहा कि इस मामले में पाकिस्तान के मध्यस्थता प्रयासों में कुछ भी नया नहीं है क्योंकि उस देश का 1981 से अमेरिका द्वारा ‘‘इस्तेमाल’’ किया जा रहा है।
 
यह जानकारी मिली है कि जयशंकर ने पश्चिम एशिया संकट पर चर्चा के लिए संसद परिसर में बुलाई गई बैठक में उपस्थित नेताओं से कहा, ‘‘हम दलाल राष्ट्र नहीं हैं।’’
 
सूत्रों के अनुसार, सरकार ने विपक्ष के इस आरोप का खंडन किया कि भारत सरकार इस मामले पर चुप है और कहा कि ‘‘हम टिप्पणी कर रहे हैं और जवाब दे रहे हैं।’’
 
सरकार का पक्ष था कि जब ईरान दूतावास खोला गया, तो विदेश सचिव ने तुरंत वहां दौरा किया और शोक पुस्तिका पर हस्ताक्षर किए।
 
विपक्ष का आरोप है कि सरकार ने ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई के मारे जाने पर जल्द शोक व्यक्त न करके नैतिक कमजोरी दिखाई है।
 
बताया जाता है कि सरकार ने राजनीतिक दलों को यह भी सूचित किया है कि उसकी मुख्य चिंता खाड़ी क्षेत्र में रहने वाले भारतीय प्रवासियों की सुरक्षा सुनिश्चित करना और घरेलू ऊर्जा जरूरतों को पूरा करना है। उस संबंध में सरकार ने कहा कि वह अब तक सफल रही है।
 
पश्चिम एशिया संकट पर सरकार द्वारा बुलाई गई सर्वदलीय बैठक के बाद विपक्ष ने कहा कि इस मामले से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर सरकार का जवाब संतोषजनक नहीं था।
 
उन्होंने यह मांग फिर दोहराई कि लोकसभा में नियम 193 और राज्यसभा में नियम 176 के तहत पश्चिम एशिया संकट को लेकर चर्चा होनी चाहिए।
 
सर्वदलीय बैठक के बाद कांग्रेस के वरिष्ठ नेता तारिक अनवर ने संवाददाताओं से कहा, ‘‘सरकार की ओर से स्पष्टीकरण देने की कोशिश हुई जो संतोषजनक नहीं है। हम लोगों की मांग है कि लोकसभा और राज्यसभा में चर्चा होनी चाहिए, उसके बाद लोगों को संतुष्टि होगी।’’
 
उनका कहना था कि बहुत सारे मुद्दे थे, जिन पर सरकार का जवाब संतोषजनक नहीं था।
 
उन्होंने यह भी कहा, ‘‘पाकिस्तान जो हमसे हर तरह से कमजोर है, वो मध्यस्थ की भूमिका निभा रहा है और हम मूकदर्शक बने हुए हैं।’’
 
समाजवादी पार्टी के सांसद धर्मेंद्र यादव ने कहा कि लोकसभा में नियम 193 और राज्यसभा में नियम 176 के तहत चर्चा जरूरी है।