कश्मीर में न्यूनतम तापमान में सुधार, अगले सप्ताह बारिश और बर्फबारी की संभावना

Story by  PTI | Published by  [email protected] | Date 21-01-2026
Minimum temperature improves in Kashmir, rain and snowfall likely next week
Minimum temperature improves in Kashmir, rain and snowfall likely next week

 

आवाज द वॉयस/नई दिल्ली

 
कश्मीर में अधिकतर स्थानों पर न्यूनतम तापमान में सुधार हुआ है, जबकि घाटी के मैदानों में लंबे समय से जारी शुष्क मौसम का दौर अब समाप्त होने के संकेत हैं। मौसम विभाग ने आगामी सप्ताह में बारिश और व्यापक बर्फबारी की संभावना जतायी है।
 
मौसम विभाग के अनुसार, इस सप्ताह जम्मू कश्मीर दो पश्चिमी विक्षोभ से प्रभावित होगा। पहला विक्षोभ बृहस्पतिवार को अपना प्रभाव डालेगा जबकि दूसरा 26 जनवरी को। इन प्रणालियों के प्रभाव से घाटी के मैदानों सहित व्यापक क्षेत्रों में हल्की से मध्यम बारिश और बर्फबारी होने की संभावना है, जबकि कुछ स्थानों पर भारी बर्फबारी भी हो सकती है।
 
मौसम प्रणाली कश्मीर के मैदानों में लंबे समय से जारी शुष्क मौसम को समाप्त कर सकती है। मौसम विभाग ने श्रीनगर समेत मैदानों में हल्की से मध्यम बर्फबारी की संभावना जतायी है। इसके कारण जमीनी और हवाई यातायात में भी व्यवधान आ सकता है।
 
कश्मीर घाटी इस समय ‘चिल्ला-ए-कलां’ के दौर से गुजर रही है। यह कड़ाके की ठंड का 40 दिनों का समय होता है, जब रात का तापमान अक्सर शून्य से कई डिग्री नीचे चला जाता है और बर्फबारी की संभावना सबसे अधिक रहती है।
 
पिछले साल 21 दिसंबर को शुरू हुआ चिल्ला-ए-कलां 30 जनवरी को समाप्त होगा।
 
हालांकि घाटी के ऊपरी इलाकों में पहले ही बर्फबारी हो चुकी है, लेकिन मैदानों में अभी तक इस सर्दी में बर्फबारी नहीं हुई है। मंगलवार रात घाटी के अधिकतर स्थानों पर न्यूनतम तापमान में सुधार दर्ज किया गया।
 
अधिकारियों ने बताया कि श्रीनगर में न्यूनतम तापमान में एक डिग्री का सुधार हुआ और यह शून्य से 2.4 डिग्री सेल्सियस नीचे दर्ज किया गया। वहीं सोनमर्ग और शोपियां में न्यूनतम तापमान शून्य से 5.5 डिग्री सेल्सियस नीचे, गुलमर्ग में शून्य से 5.0 डिग्री नीचे और पहलगाम में शून्य से 3.8 डिग्री सेल्सियस नीचे दर्ज किया गया। काजीगुंड में न्यूनतम तापमान शून्य से 3.3 डिग्री सेल्सियस नीचे, कोकेरनाग में शून्य से 0.6 डिग्री सेल्सियस नीचे और कुपवाड़ा में शून्य से 3.0 डिग्री सेल्सियस नीचे दर्ज किया गया।
 
अधिकारियों ने बताया कि आगामी पश्चिमी विक्षोभ के चलते मैदानों में बर्फबारी होने की संभावना है, जिसके कारण कश्मीर के पर्यटकों और स्थानीय लोगों को सतर्क रहने की आवश्यकता है।