कत्रा (राजौरी, जम्मू-कश्मीर)
जम्मू और कश्मीर में भारी बारिश के बीच कत्रा के उप-मंडल अधिकारी (एसडीएम) कार्यालय ने एशिया चौक से दर्शनी देौड़ी तक के क्षेत्र में स्थित सभी व्यावसायिक होटलों और धर्मशालाओं को खाली कराने का एहतियाती आदेश जारी किया है।
आदेश के अनुसार, एशिया चौक से बलीनी ब्रिज तक और बलीनी ब्रिज से दर्शनी देौड़ी तक पहाड़ी क्षेत्र में मौजूद ये व्यावसायिक प्रतिष्ठान भूस्खलन के खतरे के तहत आ गए हैं और भविष्य में यहां हादसों की संभावना बनी हुई है।
एसडीएम कत्रा पियूष धोत्रा ने एएनआई से बातचीत में बताया कि यह आदेश पूरी तरह से सुरक्षा के मद्देनजर और सावधानी के तौर पर जारी किया गया है ताकि श्रद्धालुओं की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।
उन्होंने कहा, "यह एक पूर्वनियोजन और सावधानीपूर्ण कदम है। पिछले तीन-चार दिनों से कत्रा उपमंडल के कुछ इलाके भूस्खलन के प्रति संवेदनशील बने हुए हैं। कुछ जगहों पर सड़कें धंस गई हैं और पहले कर्माल में भूस्खलन हो चुका है, अब बलीनी के पास भी ऐसी ही स्थिति बनी है।"
एसडीएम ने बताया कि इस आदेश का मकसद किसी भी तरह के जान-माल के नुकसान को रोकना है। उन्होंने कहा, "हमने उन इलाकों का सर्वे किया जो जोखिम में हैं और पाया कि एशिया होटल से दर्शनी देौड़ी तक का क्षेत्र भूस्खलन से प्रभावित है। हम सड़कें साफ करने और संपर्क बहाल करने का काम कर रहे हैं, साथ ही जान-माल के नुकसान को रोकना भी हमारी प्राथमिकता है।"
उन्होंने कहा कि इस क्षेत्र में कई व्यावसायिक प्रतिष्ठान हैं, इसलिए उन्हें खाली कराना जरूरी था ताकि कोई अप्रिय घटना न हो।
धोत्रा ने कहा, "यह आदेश भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता, 2023 की धारा 163 के तहत जारी किया गया है। मैं, पियूष धोत्रा, उप-मंडल अधिकारी, कत्रा, सभी व्यावसायिक प्रतिष्ठानों को तत्काल प्रभाव से खाली करने का आदेश देता हूं, जब तक कि वे कत्रा के कार्यकारी अभियंता, पीडब्ल्यूडी (आर एंड बी) से सुरक्षा प्रमाणपत्र प्राप्त नहीं कर लेते।"
गौरतलब है कि 26 अगस्त को भारी बारिश के कारण कत्रा के वैष्णो देवी मंदिर के पास भूस्खलन में कम से कम पांच लोग मारे गए और 10 से अधिक घायल हुए थे।
राहत कार्य दल तुरंत मौके पर पहुंचा और घायलों व मृतकों को कत्रा के कम्युनिटी हेल्थ सेंटर में पहुंचाया गया।
भारी बारिश और भूस्खलन के कारण वैष्णो देवी यात्रा फिलहाल बंद है।