पश्चिम बंगाल बजट: निर्बाध भूमि अधिग्रहण योजनाओं के साथ नयी औद्योगिक नीति ला सकती है सरकार

Story by  PTI | Published by  [email protected] | Date 15-06-2026
Government may introduce new industrial policy with seamless land acquisition plans
Government may introduce new industrial policy with seamless land acquisition plans

 

आवाज द वॉयस/नई दिल्ली 

 
पश्चिम बंगाल में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की पहली सरकार आगामी 22 जून को पेश होने वाले अपने पहले राज्य बजट में सुगम भूमि अधिग्रहण, एकल खिड़की मंजूरी प्रणाली और निवेशकों के लिए प्रोत्साहनों के साथ एक नयी औद्योगिक नीति की घोषणा कर सकती है।

पश्चिम मेदिनीपुर जिले के नंदीग्राम में सोमवार को एक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने कहा कि प्रस्तावित नीति राज्य भर में औद्योगिकीकरण को गति देने और रोजगार के अवसर पैदा करने के सरकारी प्रयासों का एक अहम हिस्सा होगी।
 
उन्होंने कहा कि बजट में रोजगार बढ़ाने, औद्योगिकीकरण को गति देने और सामाजिक कल्याण सेवाओं को जमीनी स्तर पर मजबूत करने के उद्देश्य से कई "जन-हितैषी" निर्णय शामिल होंगे।
 
अधिकारी ने 'जन कल्याण शिविर' के उद्घाटन के अवसर पर कहा, "हमारी औद्योगिक नीति आ रही है। हम एक नयी भूमि अधिग्रहण योजना, एकल खिड़की प्रणाली और उद्योगों के लिए प्रोत्साहन पेश करेंगे।"
 
उन्होंने स्पष्ट किया कि सरकार का मुख्य उद्देश्य औद्योगिक विकास के माध्यम से रोजगार पैदा करना है। मुख्यमंत्री ने कहा कि बजट में कई अन्य महत्वपूर्ण कल्याणकारी निर्णयों की भी घोषणा की जाएगी।
 
अधिकारी ने कहा कि राज्य विभिन्न केंद्रीय योजनाओं के माध्यम से उद्यमियों को ऋण उपलब्ध कराने में सहायता करेगा, जिनमें प्रधानमंत्री मुद्रा योजना, प्रधानमंत्री विश्वकर्मा योजना और प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम (पीएमईजीपी) शामिल हैं।
 
उन्होंने कहा कि पात्र लाभार्थियों को कम ब्याज दरों पर सब्सिडी-युक्त ऋण प्राप्त करने में सहायता दी जाएगी, जिसमें सूक्ष्म एवं लघु व्यवसायों तथा स्वरोजगार को बढ़ावा देने के लिए बिना जमानत और बिना गारंटी वाले ऋण की सुविधाएं भी शामिल होंगी।
 
मुख्यमंत्री ने चालू वित्त वर्ष के दौरान स्वयं सहायता समूहों के माध्यम से 10 लाख ‘लखपति दीदी’ बनाने का लक्ष्य भी घोषित किया।
 
स्वास्थ्य क्षेत्र को लेकर अधिकारी ने कहा कि जुलाई से 1.43 करोड़ परिवारों को आयुष्मान भारत योजना के तहत लाया जाएगा। उन्होंने कहा कि इससे लगभग 6.5 करोड़ लाभार्थियों को 5 लाख रुपये तक का स्वास्थ्य कवरेज का लाभ मिल सकेगा।