Goa ranks fourth in NITI Aayog's Investment Friendliness Index, among top five investment destinations
आवाज द वॉयस/नई दिल्ली
गोवा भारत के प्रमुख निवेश गंतव्यों में शामिल हो गया है। नीति आयोग के निवेश अनुकूलता सूचकांक 2026 में गोवा ने सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में चौथा स्थान हासिल किया है। राज्य सरकार ने शनिवार को यह जानकारी दी।
कुल 53.1 अंक के साथ गोवा राष्ट्रीय सूचकांक में शीर्ष प्रदर्शन करने वाले पांच राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में शामिल है। तटीय राज्य ने सात शहर राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों की श्रेणी में पहला स्थान हासिल किया है।
निवेश अनुकूलता सूचकांक (आईएफआई) आठ प्रमुख मानकों के आधार पर निवेश परिवेश का आकलन करता है। इनमें बुनियादी ढांचा, कारोबारी माहौल, संसाधन, नियामकीय सुगमता, संस्थागत वातावरण, वित्तीय स्थिति, सरकारी नीतियां और पर्यावरणीय स्थिरता शामिल हैं।
रिपोर्ट के अनुसार, गोवा ने नियामकीय सुगमता में 71 प्रतिशत के साथ सबसे अधिक अंक हासिल किए। इसके बाद संस्थागत परिवेश में 66 प्रतिशत, वित्तीय स्थिति में 61 प्रतिशत तथा बुनियादी ढांचे और संसाधनों में 56-56 प्रतिशत अंक मिले। राज्य ने मूल्यांकन किए गए आठ में से सात मानकों में राष्ट्रीय औसत से बेहतर प्रदर्शन किया।
रिपोर्ट में मानव संसाधन विकास के क्षेत्र में भी गोवा के प्रदर्शन को रेखांकित किया गया है। इसमें कहा गया है कि शहर राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में सकल राज्य घरेलू उत्पाद (जीएसडीपी) के प्रतिशत के रूप में कौशल विकास और स्वास्थ्य क्षेत्र पर खर्च के मामले में गोवा सबसे आगे रहा।
रिपोर्ट के अनुसार, गोवा में उच्च शिक्षा में कुल नामांकन का करीब 25 प्रतिशत हिस्सा विज्ञान, प्रौद्योगिकी, इंजीनियरिंग और गणित (एसटीईएम) पाठ्यक्रमों में है। राज्य एसटीईएम नामांकन हिस्सेदारी और व्यावसायिक प्रशिक्षण क्षमता, दोनों मानकों पर अपनी श्रेणी में पहले स्थान पर है।
रिपोर्ट में गोवा के परिवहन और लॉजिस्टिक बुनियादी ढांचे को भी उसकी प्रमुख ताकत बताया गया है।
रिपोर्ट के अनुसार, भारत के सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) में करीब 0.35 प्रतिशत योगदान के बावजूद गोवा के दो अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे देश की कुल हवाई अड्डा क्षमता में लगभग तीन प्रतिशत हिस्सेदारी रखते हैं। वहीं, राज्य के बंदरगाहों की राष्ट्रीय बंदरगाह क्षमता में करीब तीन प्रतिशत हिस्सेदारी है। इनमें कंटेनर, सूखा थोक माल और पेट्रोलियम उत्पादों के लिए विशेष टर्मिनल शामिल हैं।