‘हब एंड स्पोक मॉडल’ के तहत छह और शहरों से जल्द शुरू होंगी उड़ानें: नायडू

Story by  PTI | Published by  [email protected] | Date 25-06-2026
Flights to start soon from six more cities under 'hub and spoke model': Naidu
Flights to start soon from six more cities under 'hub and spoke model': Naidu

 

आवाज द वॉयस/नई दिल्ली

 
केंद्रीय नागर विमानन मंत्री के. राममोहन नायडू ने बृहस्पतिवार को कहा कि ‘हब-एंड-स्पोक’ (एचएंडएस) मॉडल के तहत अगले छह सप्ताह में भारत के छह और शहरों से उड़ान सेवाएं शुरू की जाएंगी। इस मॉडल के तहत पहली उड़ान सेवा वाराणसी से संचालित की गई।
 
यह मॉडल भारत को वैश्विक विमानन केंद्र बनाने के मकसद से तैयार किया गया है। इसके तहत छोट व मझोले शहरों के हवाई अड्डों को अंतरराष्ट्रीय गंतव्यों से निर्बाध रूप से जोड़ा जाएगा।
 
एचएंडएस मॉडल के तहत छोटे हवाई अड्डों यानी ‘स्पोक’ से यात्री बड़े हवाई अड्डों यानी ‘हब’ के जरिये अंतरराष्ट्रीय गंतव्यों तक पहुंच सकेंगे।
 
इस व्यवस्था में छोटे शहरों से आने वाले यात्रियों को दिल्ली जैसे प्रमुख (हब) हवाई अड्डों के जरिये आगे की अंतरराष्ट्रीय उड़ानों से जोड़ा जाएगा।
 
नायडू ने बृहस्पतिवार को यहां हवाई अड्डे पर ‘हब एंड स्पोक मॉडल’ की पहली उड़ान की औपचारिक शुरुआत की। उन्होंने कुछ यात्रियों को बोर्डिंग पास भी सौंपे।
 
‘ईजी कनेक्ट’ सेवा की पहली उड़ान, संख्या एआई1111 सुबह साढ़े नौ बजे वाराणसी से रवाना हुई। इस उड़ान के अंतरराष्ट्रीय यात्री दिल्ली के जरिये दुबई, कोलंबो, जेद्दा, रियाद और फुकेत सहित नौ विदेशी गंतव्यों के लिए आगे की यात्रा करेंगे।
 
एयर इंडिया इस मॉडल के तहत ‘ईजी कनेक्ट’ उड़ानें शुरू कर रही है।
 
एयर इंडिया के मुख्य कार्यपालक अधिकारी (सीईओ) एवं प्रबंध निदेशक कैंपबेल विल्सन ने कहा कि आने वाले महीनों में ‘ईजी कनेक्ट’ सेवाओं का विस्तार अमृतसर, अहमदाबाद, कोच्चि, गोवा, हैदराबाद, चेन्नई और अन्य शहरों तक किया जाएगा।
 
इन उड़ानों के माध्यम से छोट व मझोले शहरों में रहने वाले यात्री अपने प्रस्थान हवाई अड्डे पर ही सामान जमा कर सकेंगे, आव्रजन प्रक्रिया पूरी कर सकेंगे और बिना किसी अतिरिक्त झंझट के विदेश यात्रा कर सकेंगे।
 
नागर विमानन सचिव समीर कुमार सिन्हा ने कहा कि ‘हब एंड स्पोक मॉडल’ से छोट व मझोले शहरों को लाभ मिलेगा। साथ ही रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे और निवेश आकर्षित करने में भी मदद मिलेगी।हुंच सकेंगे।