Delhi government working for public welfare, administration's inaction among major challenges: Lieutenant Governor
आवाज द वॉयस/नई दिल्ली
दिल्ली के उपराज्यपाल वी के सक्सेना ने सोमवार को कहा कि भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के नेतृत्व वाली दिल्ली सरकार ने प्रशासन में मौजूद लोगों की निष्क्रियता और नकारात्मकता जैसी विरासत में मिली समस्याओं का सामना करने के बावजूद पिछले 10 महीने में जनकल्याण के लिए कई कदम उठाए हैं।
उपराज्यपाल ने दिल्ली विधानसभा के शीतकालीन सत्र को संबोधित करते हुए स्वास्थ्य, शिक्षा, बुनियादी ढांचा और यमुना नदी की सफाई को सरकार की शीर्ष प्राथमिकताओं में शामिल बताया।
सक्सेना ने कहा कि अपने 10 महीने के कार्यकाल के दौरान सरकार ने जन कल्याण के लिए कई कदम उठाए लेकिन प्रशासन में मौजूद लोगों की निष्क्रियता और नकारात्मकता उसकी ‘‘सबसे बड़ी चुनौतियां’’ रहीं।
उन्होंने कहा कि अब तक सरकार ने 6.72 लाख आयुष्मान स्वास्थ्य कार्ड जारी किए हैं जिनमें वरिष्ठ नागरिकों के लिए 2.62 लाख ‘वय वंदना’ कार्ड शामिल हैं। उन्होंने कहा कि सरकार ने पूरे शहर में 383 ‘आयुष्मान आरोग्य मंदिर’ संचालित किए हैं।
उन्होंने कहा कि सरकार ने सड़क और फ्लाईओवर निर्माण सहित बुनियादी ढांचा विकास के लिए 28,000 करोड़ रुपये आवंटित किए हैं। उन्होंने कहा कि नंद नगरी फ्लाईओवर का काम तय समय से पहले पूरा कर लिया गया और ‘बारापुला एलिवेटेड कॉरिडोर’ परियोजना के इस वर्ष मई तक पूरा होने की उम्मीद है।
सक्सेना ने कहा कि फरवरी 2025 में कार्यभार संभालने के बाद से सरकार ने यमुना की सफाई एवं पुनरुद्धार को शीर्ष प्राथमिकता बनाया और मलजल उपचार संयंत्र बनाकर एवं अन्य कदमों के जरिए इस दिशा में काम शुरू किया।