पश्चिम एशिया संकट के बीच देश को सतर्क रहना चाहिए: नागरिक उड्डयन मंत्री नायडू

Story by  PTI | Published by  [email protected] | Date 20-05-2026
 Civil Aviation Minister Naidu
Civil Aviation Minister Naidu

 

आवाज द वॉयस/नई दिल्ली 

 
केंद्रीय नागरिक उड्डयन मंत्री किंजरापु राममोहन नायडू ने बुधवार को चेतावनी दी कि देश को पश्चिम एशिया में बढ़ते संकट के किसी भी संभावित दुष्परिणाम से निपटने के लिए सतर्क और तैयार रहना चाहिए, हालांकि "फिलहाल यह भारत के लिए चिंताजनक नहीं है"।

मंत्री नायडू ने रांची की अपनी पहली यात्रा के दौरान कहा कि नागरिक उड्डयन सहित हर क्षेत्र को जिम्मेदारी लेनी चाहिए और नागरिकों और देश पर पड़ने वाले प्रभाव को कम करने के लिए सक्रिय रूप से योजना बनानी चाहिए।
 
उन्होंने पत्रकारों से कहा, "फिलहाल हालात भारत के लिए चिंताजनक नहीं हैं लेकिन इसके बावजूद हमें सर्तक रहने की जरूरत है। नागरिक उड्डयन सहित हर क्षेत्र को इस संकट के संभावित प्रभावों का आकलन कर उससे निपटने के लिए अल्पकालिक, मध्यम अवधि और दीर्घकालिक रणनीतियां तैयार करनी चाहिए।"
 
वैश्विक अनिश्चितता के बीच यात्रा लागत में वृद्धि को लेकर चिंताओं पर नायडू ने कहा कि केंद्र ने घरेलू यात्रियों को किसी भी तरह के बोझ से बचाने के लिए पहले ही उपाय शुरू कर दिए हैं।
 
उन्होंने कहा कि सरकार ने हवाई अड्डों पर 'लैंडिंग' और 'पार्किंग' शुल्क के साथ-साथ विमानन टरबाइन ईंधन (एटीएफ) की कीमतों में भी कमी की है ताकि किराए को स्थिर किया जा सके और विमानन क्षेत्र को समर्थन दिया जा सके।
 
पिछले सप्ताह दिल्ली सरकार ने एटीएफ पर मूल्य वर्धित कर को 25 प्रतिशत से घटाकर सात प्रतिशत कर दिया था।
 
उन्होंने कहा, "घरेलू मार्गों पर प्रतिदिन लगभग पांच लाख यात्री यात्रा करते हैं। हम हवाई किरायों पर लगातार नजर रख रहे हैं। अगर मांग बढ़ती है, तो संपर्क व्यवस्था को और मजबूत किया जाएगा तथा अतिरिक्त विमानों को सेवा में लगाया जाएगा।