आवाज द वॉयस/नई दिल्ली
पराग्वे के राष्ट्रपति सैंटियागो पेना ने उनकी सरकार से जुड़े एक बड़े डिजिटल बैंक के दिवालिया होने के बाद इस्तीफा देने की घोषणा की।
यूएनो बैंक के इस संकट से लाखों लोगों की जमा-पूंजी फंस गई और देशभर में व्यापक विरोध प्रदर्शन शुरू हो गए।
इस घटनाक्रम के बाद उनकी अपनी पार्टी ने भी उनसे समर्थन वापस ले लिया। अभियोजकों ने पेना के खिलाफ आपराधिक जांच शुरू करने की घोषणा की है।
पेना के इस्तीफे के कुछ ही मिनट बाद संसद के निचले सदन ने शून्य के मुकाबले 78 मतों से उनके खिलाफ महाभियोग प्रस्ताव पारित कर दिया और आरोप सीनेट को भेज दिए। सांसद शुक्रवार को उनके इस्तीफे को स्वीकार करने पर भी मतदान करेंगे। इससे उपराष्ट्रपति पेद्रो अलियाना के राष्ट्रपति पद संभालने का रास्ता साफ हो सकता है।
अभियोजक कार्यालय ने बृहस्पतिवार को बताया कि यूएनो बैंक संकट को लेकर तीन आपराधिक जांच शुरू की गई हैं। इनमें पेना और वर्तमान व पूर्व सरकारी अधिकारियों की भूमिका, बैंक की निगरानी में नियामकों की कथित लापरवाही और सरकारी धन बैंक में जमा कराने के फैसले की जांच शामिल है।