Arvind Kejriwal urges Centre to offer E20, E10 and E0 fuel options at petrol pumps
नई दिल्ली
आम आदमी पार्टी (AAP) के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने मंगलवार को केंद्र सरकार से अपील की कि वह ग्राहकों को अलग-अलग तरह के फ्यूल ब्लेंड (जैसे E20, E10 और E0) चुनने का विकल्प दे। उन्होंने आरोप लगाया कि जनता के विरोध के बावजूद सरकार E20 फ्यूल को बढ़ावा देने की कोशिश कर रही है। एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में केजरीवाल ने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार लोगों को E20 फ्यूल इस्तेमाल करने के लिए मनाने के लिए गुमराह करने वाले दावे कर रही है और नए तरीके अपना रही है।
उन्होंने कहा, "जनता का ज़बरदस्त विरोध है, फिर भी केंद्र सरकार अपनी बात पर अड़ी हुई है। मुझे नहीं पता कि इस ज़िद के पीछे क्या वजह है, लेकिन सरकार पीछे हटने को तैयार नहीं है। एक के बाद एक झूठ बोले जा रहे हैं। एक मंत्री कुछ और कहता है, तो दूसरा मंत्री कुछ और।" AAP प्रमुख ने आगे आरोप लगाया कि केंद्र ने 3 जुलाई को छह ऑटोमोबाइल कंपनियों के प्रतिनिधियों को बुलाया था और उनसे कहा था कि वे जनता को E20 फ्यूल के इस्तेमाल के बारे में भरोसा दिलाएं।
केजरीवाल ने आरोप लगाया, "खबरों के मुताबिक, 3 जुलाई को केंद्र सरकार ने छह ऑटोमोबाइल कंपनियों के प्रतिनिधियों को बुलाया और उनसे प्रेस कॉन्फ्रेंस करके जनता को यह बताने को कहा कि E20 फ्यूल पूरी तरह से ठीक है। ये छह कंपनियाँ हैं - मारुति सुज़ुकी, टोयोटा किर्लोस्कर, हीरो मोटोकॉर्प, हुंडई मोटर, बजाज ऑटो और TVS मोटर कंपनी। उनसे मीडिया से बात करने और जनता को भरोसा दिलाने के लिए कहा गया कि E20 फ्यूल इस्तेमाल के लिए सही है।"
उन्होंने आगे कहा, "अगले हफ़्ते मैं प्रधानमंत्री को पत्र लिखूँगा। प्रधानमंत्री जी, आपकी गलत नीतियों का खामियाज़ा जनता क्यों भुगते? हमें बताएं कि अगर हमारी गाड़ियों का माइलेज कम होता है या गाड़ियाँ खराब होती हैं, तो जुर्माना कौन भरेगा - आपकी सरकार या कंपनी?" केजरीवाल ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से यह भी अपील की कि वे जनता की माँग मान लें और उन्हें चुनने का विकल्प दें।
उन्होंने कहा, "मैं हाथ जोड़कर मोदी जी से गुज़ारिश करता हूँ कि वे जनता की माँग मान लें और उन्हें विकल्प दें - ताकि पेट्रोल पंपों पर अलग-अलग कीमतों पर सभी तरह के फ्यूल - चाहे वह E20 हो, E10 हो या E0 - उपलब्ध हों।" इससे पहले, केंद्रीय पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने सोशल मीडिया पर इथेनॉल-मिश्रित ईंधन को लेकर फैल रही चिंताओं को खारिज कर दिया। उन्होंने कहा कि E20 ईंधन से कीड़े-मकोड़े आकर्षित होने या गाड़ी के इंजन को नुकसान पहुंचने के दावे "अफवाहें" हैं और लोगों से गलत जानकारी के बजाय वैज्ञानिक सबूतों पर भरोसा करने की अपील की।
केंद्र सरकार कच्चे तेल के आयात को कम करने, कार्बन उत्सर्जन घटाने और घरेलू कृषि अर्थव्यवस्था को सहारा देने की अपनी रणनीति के तहत इथेनॉल मिश्रण को बढ़ावा दे रही है। ऑटोमोबाइल निर्माताओं और रिसर्च एजेंसियों के साथ कम्पैटिबिलिटी टेस्टिंग (अनुकूलता की जांच) करने के बाद सरकार ने देश भर में E20 पेट्रोल (जिसमें 20 प्रतिशत इथेनॉल होता है) को पेश करने की प्रक्रिया तेज कर दी है।