कश्मीर: सामान्य मरीजों की भी गयी दिल की सर्जरी, चिकित्सक जांच के दायरे में

Story by  PTI | Published by  [email protected] | Date 20-06-2026
Kashmir: Heart surgery performed on normal patients, doctors under scrutiny
Kashmir: Heart surgery performed on normal patients, doctors under scrutiny

 

आवाज द वॉयस/नई दिल्ली 

 
जम्मू-कश्मीर के अनंतनाग सरकारी मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल में बड़े पैमाने पर प्रक्रियागत अनियमितताओं के आरोपों की विभागीय जांच में खुलासा हुआ कि जिन मरीजों के दिल की सर्जरी की गयी, उनमें से लगभग 50 प्रतिशत मरीजों को वास्तव में इसकी जरूरत ही नहीं थी।

जम्मू-कश्मीर के स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा विभाग ने बताया कि जांच में फर्जी बीमा दावे, मरीजों का शोषण और स्वस्थ मरीजों की अनावश्यक सर्जरी किए जाने के मामले सामने आए हैं।
 
विभाग ने अस्पताल के हृदय रोग विशेषज्ञ डॉ. सैयद मकबूल का नाम लेते हुए उन पर बड़े पैमाने पर प्रक्रियागत अनियमितताओं और आधिकारिक चिकित्सा रिकॉर्ड में हेरफेर करने के आरोप लगाए हैं।
 
यह मामला कथित पेसमेकर प्रत्यारोपण घोटाले से जुड़ा है, जिसमें 103 हृदय रोगी शामिल हैं। विशेषज्ञों की जांच में पाया गया कि जिन 55 मरीजों का पेसमेकर प्रत्यारोपण किया गया था, उनमें से 27 की हृदय क्रिया सामान्य थी और उन पर यह प्रक्रिया करने का “किसी भी प्रकार का चिकित्सीय औचित्य नहीं था''।
 
चिकित्सक के खिलाफ लगाए गए आरोपों में रिकॉर्ड में हेरफेर, प्रणाली स्तर पर धोखाधड़ी, मरीजों का शोषण, निजी विक्रेताओं के साथ मिलीभगत, बिना अनुमति सर्जरी करना और एक सरकारी कर्मचारी के लिए बेहद अनुचित आचरण शामिल हैं।
 
विभाग द्वारा लगाए गए आरोपों में बताया गया, “आपने (डॉ. सैयद मकबूल) ‘ट्रांजैक्शन मैनेजमेंट सिस्टम’ में ‘डुअल चैंबर पेसमेकर इम्प्लांटेशन’ पैकेज के तहत 103 मरीजों के नाम दर्ज किये। हालांकि, रिकॉर्ड से साबित होता है कि आपने वास्तव में ‘लेफ्ट बंडल ब्रांच एरिया पेसिंग’ प्रक्रिया की थी। यह जानबूझकर किया गया गलत विवरण प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना/सेहत योजना के तहत सार्वजनिक कल्याण निधि को झूठे चिकित्सीय आधार पर निकालने के उद्देश्य से दिया गया था।”
 
जांच में सामने आया कि चिकित्सक ने मरीजों पर बिना किसी चिकित्सीय आवश्यकता के अत्यधिक उन्नत और शरीर में हस्तक्षेप वाली ‘लेफ्ट बंडल ब्रांच एरिया पेसिंग’ सर्जरी कीं।
 
एक स्वतंत्र विशेषज्ञ मूल्यांकन में सामने आया कि जिन 55 मरीजों की ‘लेफ्ट बंडल ब्रांच एरिया पेसिंग’ सर्जरी की गयी, उनमें से 27 मरीजों (49 प्रतिशत) के बाएं वेंट्रिकल की कार्यक्षमता पूरी तरह सामान्य थी।
 
कार्डियोलॉजिस्ट को जारी ज्ञापन में आरोप लगाया गया कि मरीजों पर ऐसी प्रक्रियाएं करना व्यक्तिगत लाभ के लिए मरीजों की सुरक्षा और पेशेवर नैतिकता की पूरी तरह अनदेखी को दर्शाता है।
 
दिसंबर 2025 में राज्य स्वास्थ्य एजेंसी द्वारा संस्थान से ‘लेफ्ट बंडल ब्रांच एरिया पेसिंग’ से जुड़े दावों में असामान्य वृद्धि देखे जाने के बाद कराई गई विशेषज्ञ जांच के दौरान ये निष्कर्ष सामने आए।