आवाज द वॉयस/नई दिल्ली
बॉलीवुड अभिनेता और मशहूर कॉमेडियन राजपाल यादव से जुड़ी एक बड़ी खबर सामने आई है। चेक बाउंस मामले में दिल्ली हाई कोर्ट के आदेश के बाद राजपाल यादव ने तिहाड़ जेल के सुपरिटेंडेंट के सामने आत्मसमर्पण कर दिया है। यह मामला लंबे समय से अदालत में चल रहा था, जिस पर 2 फरवरी को हाई कोर्ट ने सख्त फैसला सुनाया था।
दिल्ली हाई कोर्ट ने अपने आदेश में साफ कहा था कि राजपाल यादव को चेक बाउंस मामले में जेल में सरेंडर करना होगा। कोर्ट ने यह भी स्पष्ट किया था कि कानून के तहत सजा से बचने के लिए उन्हें कोई राहत नहीं दी जा सकती। इसके बाद अभिनेता ने अदालत में एक याचिका दायर कर सरेंडर के लिए मोहलत मांगी थी।
राजपाल यादव की इस याचिका पर 4 फरवरी को सुनवाई हुई। सुनवाई के दौरान अभिनेता की ओर से समय देने की अपील की गई, लेकिन हाई कोर्ट ने इस पर सख्त रुख अपनाया। अदालत ने मोहलत देने से साफ इनकार करते हुए कहा कि आदेश पहले ही पारित हो चुका है और अब सरेंडर करना अनिवार्य है। कोर्ट ने यह भी कहा कि कानून सभी के लिए बराबर है, चाहे वह आम नागरिक हो या फिल्मी दुनिया का बड़ा नाम।
हाई कोर्ट के इस फैसले के बाद राजपाल यादव ने तिहाड़ जेल पहुंचकर आत्मसमर्पण कर दिया। उनके सरेंडर की खबर सामने आने के बाद फिल्म इंडस्ट्री और उनके प्रशंसकों के बीच हलचल मच गई है। राजपाल यादव हिंदी सिनेमा में अपनी बेहतरीन कॉमिक टाइमिंग और दमदार अभिनय के लिए जाने जाते हैं। उन्होंने ‘हंगामा’, ‘भूल भुलैया’, ‘चुप चुप के’, ‘मालामाल वीकली’ जैसी कई हिट फिल्मों में यादगार भूमिकाएं निभाई हैं।
बताया जा रहा है कि यह चेक बाउंस मामला वित्तीय लेन-देन से जुड़ा है, जिसमें तय समय पर भुगतान न होने के कारण कानूनी कार्रवाई की गई थी। कोर्ट ने मामले को गंभीर मानते हुए पहले ही सजा सुनाई थी, जिसके बाद अब सरेंडर की कार्रवाई पूरी की गई है।
राजपाल यादव के इस मामले ने एक बार फिर यह संदेश दिया है कि कानून के सामने सभी बराबर हैं और किसी भी तरह की लापरवाही या उल्लंघन पर सख्त कदम उठाए जा सकते हैं। फिलहाल, इस पूरे घटनाक्रम पर उनके परिवार और करीबी नजर बनाए हुए हैं, वहीं उनके फैंस भी उम्मीद कर रहे हैं कि यह मामला जल्द सुलझे।