Tata Steel gets interim relief on Jharkhand government's demand notice of Rs 1,755 crore
आवाज द वॉयस/नई दिल्ली
टाटा स्टील को झारखंड सरकार की ओर से जारी किए गए 1,755 करोड़ रुपये के मांग नोटिस के मामले में अंतरिम राहत मिल गई है। कंपनी ने शेयर बाजार को यह जानकारी दी है।
झारखंड के रामगढ़ स्थित जिला खनन कार्यालय ने पश्चिम बोकारो कोलियरी में वर्ष 2000-01 से 2006-07 के दौरान तय सीमा से 1.62 करोड़ टन अतिरिक्त कोयला निकालने के आरोप में 1,755 करोड़ रुपये का मांग नोटिस जारी किया था।
कंपनी ने इसी नोटिस को चुनौती दी।
टाटा स्टील का कहना था कि यह मांग उचित और ठोस आधार पर नहीं है। इसी के मद्देनजर कंपनी ने अप्रैल में कोयला मंत्रालय के पुनरीक्षण प्राधिकरण के समक्ष पुनरीक्षण याचिका दायर की थी।
पुनरीक्षण प्राधिकरण ने उसकी याचिका को सुनवाई के लिए स्वीकार कर लिया।
टाटा स्टील ने बयान में कहा, ‘‘मामले की सुनवाई लंबित रहने तक संबंधित पक्षों को कंपनी के खिलाफ किसी भी तरह की दंडात्मक या जबरिया कार्रवाई नहीं करने का निर्देश दिया गया है।’’
टाटा समूह के चेयरमैन एन. चंद्रशेखरन ने पहले कहा था कि टाटा स्टील झारखंड में करीब 11,000 करोड़ रुपये का निवेश करेगी। यह निवेश जमशेदपुर संयंत्र में उन्नत श्रेणी के इस्पात के उत्पादन के लिए किया जाएगा।