ट्रम्प का होर्मुज पर बड़ा दावा

Story by  आवाज़ द वॉयस | Published by  [email protected] | Date 22-05-2026
Trump's Big Claim on Hormuz
Trump's Big Claim on Hormuz

 

वॉशिंगटन।

अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump ने होर्मुज जलडमरूमध्य को लेकर बड़ा बयान दिया है। उन्होंने दावा किया कि दुनिया के सबसे महत्वपूर्ण समुद्री व्यापार मार्गों में शामिल होर्मुज जलडमरूमध्य पर अमेरिका का “पूर्ण नियंत्रण” है और अमेरिकी नौसैनिक नाकाबंदी पूरी तरह प्रभावी बनी हुई है। ट्रम्प का यह बयान ऐसे समय आया है, जब पश्चिम एशिया में तनाव लगातार बढ़ रहा है और ईरान तथा अमेरिका के बीच टकराव गहराता जा रहा है।

पत्रकारों से बातचीत के दौरान ट्रम्प ने ईरान द्वारा होर्मुज जलडमरूमध्य से गुजरने वाले जहाजों पर कथित तौर पर टोल वसूली के मुद्दे पर भी तीखी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि होर्मुज एक अंतरराष्ट्रीय जलमार्ग है और वहां किसी भी प्रकार का टोल लगाना स्वीकार्य नहीं हो सकता। ट्रम्प ने कहा, “हम होर्मुज को पूरी तरह मुक्त देखना चाहते हैं। यह अंतरराष्ट्रीय जलक्षेत्र है और यहां किसी एक देश का आर्थिक नियंत्रण नहीं होना चाहिए।”

अमेरिकी राष्ट्रपति ने आगे कहा, “होर्मुज जलडमरूमध्य पर हमारा पूरा नियंत्रण है। हमारी नौसैनिक नाकाबंदी सौ प्रतिशत प्रभावी है। कोई भी इसे तोड़ नहीं पाया है। यह लोहे की दीवार की तरह काम कर रही है।” ट्रम्प के इस बयान को क्षेत्र में अमेरिकी सैन्य शक्ति के प्रदर्शन के रूप में देखा जा रहा है।

गौरतलब है कि इससे पहले Islamic Revolutionary Guard Corps यानी ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कोर (आईआरजीसी) ने दावा किया था कि पिछले 24 घंटों के दौरान 24 जहाज होर्मुज जलडमरूमध्य से होकर गुजरे हैं। ईरान लंबे समय से इस रणनीतिक जलमार्ग पर अपनी मौजूदगी और प्रभाव को महत्वपूर्ण मानता रहा है।

होर्मुज जलडमरूमध्य दुनिया के सबसे अहम समुद्री व्यापार मार्गों में गिना जाता है। वैश्विक तेल आपूर्ति का बड़ा हिस्सा इसी रास्ते से होकर गुजरता है। खाड़ी देशों से निकलने वाला कच्चा तेल एशिया, यूरोप और अन्य हिस्सों तक पहुंचाने में इस मार्ग की केंद्रीय भूमिका है। ऐसे में यहां किसी भी तरह का तनाव वैश्विक ऊर्जा बाजार और अंतरराष्ट्रीय व्यापार पर सीधा असर डाल सकता है।

रिपोर्टों के अनुसार, 28 फरवरी को युद्ध शुरू होने के बाद ईरान ने होर्मुज जलडमरूमध्य को बंद कर दिया था। इसके बाद से इस मार्ग से जहाजों की आवाजाही लगभग ठप हो गई। इससे अंतरराष्ट्रीय स्तर पर चिंता बढ़ गई, क्योंकि तेल की कीमतों और समुद्री व्यापार पर इसका गंभीर प्रभाव पड़ सकता है।

विशेषज्ञों का मानना है कि ट्रम्प का बयान केवल सैन्य शक्ति का प्रदर्शन नहीं, बल्कि ईरान को सीधा संदेश भी है कि अमेरिका इस क्षेत्र में अपनी रणनीतिक पकड़ बनाए रखना चाहता है। दूसरी ओर, ईरान लगातार यह संकेत देता रहा है कि यदि उसके हितों को नुकसान पहुंचाया गया, तो वह होर्मुज जलडमरूमध्य को वैश्विक दबाव के साधन के रूप में इस्तेमाल कर सकता है।

पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव के बीच दुनिया की नजरें अब इस महत्वपूर्ण जलमार्ग पर टिकी हुई हैं, क्योंकि यहां की स्थिति वैश्विक अर्थव्यवस्था और ऊर्जा सुरक्षा को सीधे प्रभावित कर सकती है।