आर्टेमिस-II मिशन की तैयारी तेज, नासा ने चंद्र अभियान से पहले ‘व्हीकल कॉन्फिडेंस टेस्ट’ पूरा किया

Story by  आवाज़ द वॉयस | Published by  [email protected] | Date 14-02-2026
Preparations for the Artemis-II mission intensify, NASA completes 'Vehicle Confidence Test' ahead of the lunar mission
Preparations for the Artemis-II mission intensify, NASA completes 'Vehicle Confidence Test' ahead of the lunar mission

 

वॉशिंगटन डीसी।

चंद्रमा पर मानव मिशन भेजने की दिशा में एक अहम कदम उठाते हुए NASA ने अपने बहुप्रतीक्षित आर्टेमिस-II मिशन के लिए वाहन का ‘कॉन्फिडेंस टेस्ट’ सफलतापूर्वक संचालित किया है। 12 फरवरी को हुए इस परीक्षण के बाद इंजीनियर अब एकत्रित आंकड़ों की विस्तृत समीक्षा कर रहे हैं। एजेंसी के अनुसार, इस महीने दूसरा ‘वेट ड्रेस रिहर्सल’ आयोजित किया जाएगा, जबकि मार्च संभावित प्रक्षेपण की सबसे शुरुआती समय-सीमा बनी हुई है।

नासा ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर जानकारी देते हुए कहा कि टीमों ने परीक्षण से प्राप्त डेटा का विश्लेषण शुरू कर दिया है और निष्कर्षों की समीक्षा के बाद अगले चरण की समयरेखा तय की जाएगी। यह परीक्षण उड़ान से पहले रॉकेट की विश्वसनीयता सुनिश्चित करने के लिए व्यापक तैयारी का हिस्सा है।

जारी बयान के मुताबिक, इंजीनियरों ने स्पेस लॉन्च सिस्टम (SLS) के कोर स्टेज में मौजूद लिक्विड हाइड्रोजन टैंक को आंशिक रूप से भरा। इसका उद्देश्य हाल ही में बदले गए सीलों की कार्यक्षमता की जांच करना था। यही वह क्षेत्र है जहां रॉकेट में प्रोपेलेंट भरा जाता है। परीक्षण के दौरान ग्राउंड सपोर्ट इक्विपमेंट में एक तकनीकी समस्या सामने आई, जिससे लिक्विड हाइड्रोजन के प्रवाह में कमी आई। हालांकि, टीमों ने कई महत्वपूर्ण उद्देश्यों को सफलतापूर्वक पूरा किया और उन इंटरफेस बिंदुओं से डेटा एकत्र किया, जहां पिछले वेट ड्रेस रिहर्सल के दौरान रिसाव दर्ज हुआ था।

नासा के अनुसार, इंजीनियर सप्ताहांत में लाइनों को शुद्ध (पर्ज) कर पर्यावरणीय परिस्थितियों को स्थिर करेंगे और ग्राउंड सपोर्ट उपकरणों का निरीक्षण करेंगे। एक फिल्टर को संभावित कारण मानते हुए उसे बदलने की भी योजना है। इन प्रक्रियाओं के बाद दूसरे वेट ड्रेस रिहर्सल की तिथि तय की जाएगी।

आर्टेमिस-II मिशन, आर्टेमिस कार्यक्रम का पहला मानवयुक्त मिशन होगा। इसमें चार अंतरिक्ष यात्री शक्तिशाली SLS रॉकेट और ओरियन अंतरिक्षयान के जरिए चंद्रमा की परिक्रमा कर पृथ्वी पर लौटेंगे। इससे पहले आर्टेमिस-I बिना मानव चालक दल के भेजा गया था। आर्टेमिस-II के जरिए जीवन-रक्षा प्रणालियों और गहरे अंतरिक्ष अभियानों की वास्तविक परिस्थितियों में जांच की जाएगी। यह मिशन भविष्य के आर्टेमिस-III अभियान की राह तैयार करेगा, जिसका लक्ष्य चंद्र सतह पर अंतरिक्ष यात्रियों को उतारना और दीर्घकालिक अन्वेषण को आगे बढ़ाना है।