तेल अवीव।
इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू को लेकर सोशल मीडिया पर फैली मृत्यु की अफवाहों के बीच उन्होंने एक वीडियो संदेश जारी कर अपनी स्थिति स्पष्ट की है। इस वीडियो में नेतन्याहू ने न केवल अफवाहों को खारिज किया बल्कि ईरान के खिलाफ संभावित सैन्य संघर्ष को लेकर भी बड़ा बयान दिया। उन्होंने कहा कि इस तरह के युद्ध के लिए देश को भारी आर्थिक संसाधनों की आवश्यकता होगी और इसके लिए विशेष बजट की जरूरत पड़ेगी।
वीडियो संदेश में नेतन्याहू ने कहा कि वर्तमान परिस्थितियों में इजरायल को अपनी सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देनी होगी। उन्होंने संकेत दिया कि क्षेत्रीय तनाव को देखते हुए इजरायल को सैन्य तैयारियों को मजबूत करना पड़ेगा। उनके अनुसार, यदि संघर्ष की स्थिति पैदा होती है तो उसे संभालने के लिए रक्षा बजट में बड़े पैमाने पर वृद्धि करना आवश्यक होगा।
नेतन्याहू ने अपने बयान में कहा, “इसमें कोई संदेह नहीं है कि हमें इस युद्ध का सामना करना पड़ सकता है। लेकिन सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि युद्ध में बहुत अधिक धन खर्च होता है। बहुत सारा पैसा लगता है।” उन्होंने आगे कहा कि इसी कारण सरकार एक विशेष बजट योजना पर विचार कर रही है ताकि रक्षा क्षेत्र की जरूरतों को पूरा किया जा सके।
प्रधानमंत्री के अनुसार संभावित सैन्य अभियान और सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने के लिए रक्षा बजट में कई अरब शेकेल की अतिरिक्त राशि की आवश्यकता होगी। इजरायल की मुद्रा शेकेल में यह बजट वृद्धि देश की सैन्य क्षमता को मजबूत करने के उद्देश्य से प्रस्तावित की जा रही है।
हाल के दिनों में मध्य-पूर्व क्षेत्र में बढ़ते तनाव के कारण इजरायल और ईरान के बीच संबंध और अधिक संवेदनशील हो गए हैं। इस पृष्ठभूमि में नेतन्याहू का यह बयान राजनीतिक और सामरिक दृष्टि से महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
नेतन्याहू को लेकर फैली मृत्यु की अफवाहों के बीच उनका यह वीडियो संदेश कई तरह की अटकलों पर विराम लगाने वाला माना जा रहा है। उनके सार्वजनिक रूप से सामने आने के बाद समर्थकों और राजनीतिक विश्लेषकों के बीच चर्चा तेज हो गई है।
विशेषज्ञों का मानना है कि इजरायल सरकार द्वारा प्रस्तावित रक्षा बजट में संभावित वृद्धि आने वाले समय में देश की सुरक्षा नीति और क्षेत्रीय राजनीति पर महत्वपूर्ण प्रभाव डाल सकती है। फिलहाल सरकार इस प्रस्ताव पर आगे की रणनीति तय करने की तैयारी कर रही है।